ऋषिकेश। पहाड़ों में हो रही बारिश से गंगा सहित प्रदेश के अधिकांश बरसाती नदी नाले पूरे उफान पर हैं। एक बार फिर से मौसम विभाग ने बारिश का अलर्ट जारी कर दिया है। इस बीच ऋषिकेश में गंगा खतरे के निशान के पास तक पहुंचने से प्रशासन सतर्क हो गया है। यहां गंगा खतरे के निशान से 40 सेंटीमीटर नीचे बह रही है। किनारों पर लोगों को बहाव के करीब जाने से रोकने के लिए गार्ड तैनात किए गए हैं। इस समय सभी घाटों की निगरानी की जा रही है। वहीं पिथौरागढ़ और बागेश्वर व अन्य पहाड़ी ज़िलों में नदियों का जलस्तर खतरे के निशान के पास पहुंच रहा है। उत्तराखंड पहाड़ों के लोगों के लिए अभी राहत की कोई उम्मीद नहीं दिखाई दे रही है। हालांकि कल रविवार को मौसम साफ होने के संकेत थे। लेकिन इसके बाद भी बारिश की मुसीबतों से दो चार होना पडा। मौसम विभाग ने कम से कम पांच ज़िलों में तेज़ बारिश का यलो अलर्ट जारी किया है। पहाड़ों में पिछले 24 घंटों से लगातार हो रही बरसात के कारण नदियां और नाले इस समय पूरे उफान पर हैं। बदरीनाथ और गंगोत्री नेशनल हाईवे की हालत बहुत दिनों से लगातार खराब होती जा रही है। एक बार फिर हाईवे कई जगहों से टूटकर बह गया है।
मौसम विज्ञान केंद्र निदेशक बिक्रम सिंह ने बताया कि टिहरी,देहरादून, नैनीताल,पौड़ी और बागेश्वर में आज तेज बारिश के आसार हैं। यहां पर यात्रियों को सतर्क रहने की हिदायत दी है। मौसम विभाग का मानना है कि अभी बारिश से किसी प्रकार की निजात नहीं मिलेगी। दूसरी समस्या यह है कि हर सड़क बारिश के चलते इस समय बाधित होने से बच्चों को स्कूल जाने के लिए जोखिम उठाना पड़ रहा है। टिहरी में बारिश के चलते 10 ग्रामीण सड़कों के साथ एक स्टेट हाईवे पूरी तरह से ठप पड़ा है। बदरीनाथ नेशनल हाईवे इस हफ्ते फिर बंद कर दिया गया है। कर्णप्रयाग के पास लंगासू और लामबगड़ में मलबा सड़क पर आने से हाइवे ठप है। जिसे खोलने का काम शुक्रवार देर रात से चल रहा है। चमोली ज़िले में लगातार बारिश और लैंडस्लाइड से हाईवे देर रात से ठप है। इससे पहले कल इस हाईवे पर 10 मीटर सड़क नाले की बहाव में बह गई। उत्तरकाशी ज़िले में रात भर हुई भारी बारिश के चलते गंगोत्री हाइवे बन्द हो गया है। सुखी नाला उफान पर आने से बड़ी मात्रा में मलबा और पत्थर सड़क पर आ गए हैं। जिससे गंगोत्री हाइवे पर कई स्थानों पर मलबे के ढेर लगे हुए हैं। मार्ग बन्द होने से आज सुबह यात्री व स्थानीय लोग जगह-जगह फंसे हुए हैं। बीआरओ मशीनें एनएच खोलने में जुटी हैं।

