मेरठ: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में गोमती नदी के किनारे बने रिवर फ्रंट घोटाले मामले में अब मेरठ मंडल में तैनात एक आईएएस अधिकारी की ससुराल भी ज़द में आ गयी है. 5 जुलाई को सीबीआई की 40 टीमों ने 17 से अधिक स्थानों परताबड़तोड़ छापेमारी की थी, अब इसी कड़ी में मिल रही सूचना के आधार पर उत्तर प्रदेश सरकार के बेहद करीब एक वरिष्ठ आईएएस अधिकारी की ससुराल पर भी सीबीआई द्वारा छापेमारी की कार्रवाई की गई।
जानकारी के अनुसार, आईएएस अधिकारी के ससुराल वालों के नाम गोमती रिवर फ्रंट घोटाला में शामिल हैं। दरअसल वैदिक प्रोजेक्ट प्रा.लि. ने इस प्रोजेक्ट में काम किया था, इस प्रोजेक्ट के CEO हरपाल सिंह,गौरव चौधरी हैं और यह दोनों IAS अफसर के रिश्तेदार हैं।
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यह आईएएस अधिकारी इन दिनों मेरठ मंडल में तैनात है। मेरठ शहर में सिंचाई विभाग के एक पूर्व अधिकारी के घर में उनकी ससुराल है। आईएएस अधिकारी के ससुर और साले साहब अब कंस्ट्रक्शन कंपनी चलाते हैं जिसका एक ऑफिस नोएडा में है और दूसरा मेरठ में स्थित है। अब इनका नाम रिवर फ्रंट घोटाला में सामने आ रहा है।

