कानपुर में सीओ समेत आठ पुलिसकर्मियों की हत्या कर फरार हुए हिस्ट्रीशीटर विकास दुबे के लखनऊ में कृष्णानगर स्थित घर पर एसटीएफ और पुलिस ने दबिश दी. अचानक सात-आठ गाड़ियों में पहुंची फोर्स को देखकर इलाके में हड़कम्प मच गया. हालांकि, पुलिस को यहां पर कुछ नहीं मिला. इस बीच विकास दुबे की मां ने कहा कि वह उसकी शक्ल तक नहीं देखना चाहती, माँ बोली खुद करे सरेंडर या पुलिस कर दे एनकाउंटर।
विकास के घर पर दबिश
आठ पुलिसकर्मियों की हत्या के बाद कई जिलों की पुलिस को अलर्ट कर दिया गया. विकास की तलाश में जगह-जगह दबिश दी जा रही है. इस बीच लखनऊ में कृष्णानगर स्थित घर पर एसटीएफ और पुलिस ने दबिश दी. बताया जाता है कि अचानक सात-आठ गाड़ियों में पहुंची फोर्स को देखकर इलाके में हड़कम्प मच गया. हालांकि, घर पूरी तरह से खाली पड़ा था, पुलिस को यहां से कुछ भी नहीं मिला. यहीं से कुछ दूरी पर विकास के भाई दीप प्रकाश के घर पर भी पुलिस ने छापा मारा. बताया जा रहा है कि यहां पर मिली एक महिला को हिरासत में लिया गया.
छोटे भाई की पत्नी गांव की प्रधान
लखनऊ में कृष्णानगर कोतवाली क्षेत्र की इंद्रलोक कॉलोनी में विकास दुबे की मां सरला भी रहती हैं. आठ पुलिसवालों की हत्या की खबर सुनकर मां ने कहा, मैं उसका मुंह भी नहीं देखना चाहतीं हूं. वह चाहे जेल में रहे या उसको मार दिया जाए. मुझे कोई फर्क नहीं पड़ता. विकास की मां सरला छोटे बेटे दीप प्रकाश के साथ रहती है. मां ने बताया कि उसके छोटे बेटे की गांव में खेती है, जबकि उसकी पत्नी प्रधान है. मां ने बताया कि दीप की पत्नी पिछले दस साल से प्रधान है.
राजनीति में जाने के लिए चुना अपराध का रास्ता
विकास की मां के घर के बाहर पुलिस बल तैनात कर दिया गया है. विकास की मां ने बताया कि उनका बेटा राजनीति में जाने के लिए अपराध के रास्ते पर चल
पड़ा. इससे पहले यूपी एसटीएफ ने विकास दुबे को 31 अक्टूबर 2017 को लखनऊ के कृष्णानगर क्षेत्र से गिरफ्तार किया था. विकास दुबे की मां ने कहा कि पहले वह बीजेपी में रहा, बाद में लंबे समय तक बीएसपी में और अब समाजवादी पार्टी में था. बीएसपी में रहने के दौरान ही उसने बीजेपी के दर्जा प्राप्त मंत्री की हत्या की थी. उसके बाद लगातार वारदातों को अंजाम देता रहा. विकास दुबे के 8 पुलिसवालों की हत्या पर उसकी मां ने दुख जताया और कहा कि ऐसे बेटे को गोली मार देनी चाहिए.

