Gujarat Chunavi Dangal: गुजरात मे इस समय सियासी हलचल जारी है। पक्ष प्रतिपक्ष सत्ता में आने के लिए लगातार प्रयास कर रहे हैं। वही पिछले 27 वर्ष से गुजरात मे सत्ता का सुख भोग रही भारतीय जनता पार्टी पुनः सत्ता वापसी की तैयारी में जुटी हुई है। हालाकि इस बार गुजरात चुनाव में भाजपा को कड़ी मेहनत करनी पड़ेगी क्योंकि कांग्रेस और आम आदमी पार्टी जनता को लुभाने और भाजपा को मात देने की कवायद में जुटे हुए हैं। वही अब खबर है की गुजरात के जूनागढ़ जिले में संगठन के एक नेता के पास एक से अधिक पद होने को लेकर असंतोष फैला हुआ है।
पार्टी में फैली इस असंतोष की भावना को खत्म करने के लिए प्रदेश अध्यक्ष सीआर पाटिल ने उन्हें अपने एक ज्यादा पदों से इस्तीफा देने की बात कही है। सीआर पाटिल ने कहा की उन्हें सूचना मिली कि वहां के सांसद, जिला प्रमुख और सहकारी मंडली के चेयरमैन ने अपनी मनमानी करके दूध सहकारी मंडली हो या मार्केटिंग यार्ड या सहकारी बैंक में हर जगह चेयरमैन या सहकारी पद हासिल कर लिया है। इस सूचना मिलने के बाद उन्होंने सख्ती बरतते हुए कहा की एक से ज्यादा पदों पर काबिज ऐसे सभी नेताओं-पदाधिकारियों से मुख्य पद के अलावा अन्य पदों से इस्तीफा ले लिया है।
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सूत्रों का कहना है कि सीआर पाटिल ने यह निर्णय पार्टी में फैली असंतोष की भावना को खत्म करने और बड़े नेताओं द्वारा कार्यकर्ताओं को मौका नहीं देने और नीति नियमो का उलंघन करने के संदर्भ में लिया है। जानकारी के लिए बता दें राजेश चूड़ासमा, जिला प्रमुख किरीट पटेल और सहकारी बैंक और दूध मंडली के चेयरमैन बन गए वहीं दिनेश खटारिया, सहकारी बैंक के चेयरमैन जेठाभाई पानेरा ने मनमानी करते हुए एक से ज्यादा पदों पर अपना आधिपत्य स्थापित कर लिया। वही जब इस्तीफे के संदर्भ में संसद राजेश चुड़ासमा से पूंछा गया तो उन्होंने कहा एक से अधिक पद पर रहना भाजपा के नियमो के विरुद्ध है। इसलिए भाजपा ने इन पदों से इस्तीफा लिया है।

