कमिशन ऑफ इनक्वायरी गठित, रिटायर जज शशिकांत अग्रवाल करेंगे जांच
पूरे देश को हिलाकर रख देने वाले कानपुर कांड को लेकर जांच तेज हो गई है. एनकाउंटर पर सवाल उठ रहे हैं. योगी सरकार इस मामले को लेकर बेेहद सतर्क है. अब एक कमिशन ऑफ इनक्वायरी गठित की गई है. यह एकल सदस्यीय जांच आयाेग कानपुर के बिकरु गांव में दबिश देने गई पुलिस टीम पर हुए हमले और विकास दुबे से मुठभेड़ के मामले की जांच करेगा.
आयोग का मुख्यालय कानपुर होगा
आयोग का मुख्यालय कानपुर में ही होगा.योगी सरकार ने जांच का जिम्मा रिटायर्ड जज शशिकांत अग्रवाल को सौंपा है, जो 2-3 जुलाई की रात विकास दुबे और उसके सहयोगियों की ओर से पुलिस जवानों पर की गई फायरिंग की गहनतापूर्वक जांच करेंगे. साथ ही 10 जुलाई को उज्जैन से कानपुर लाते हुए विकास दुबे और पुलिस के बीच हुई मुठभेड़ की परिस्थितियों को भी जांचेंगे.योगी सरकार द्वारा गठित आयोग कानपुर कांड से संबंधित अलग-अलग जगहों पर हुई पुलिस और अपराधियों की मुठभेड़ की भी जांच करेगा. रिटायर्ड जज शशिकांत अग्रवाल इस प्रकरण में हुए एनकाउंटरों की जांच कर दो महीने में रिपोर्ट राज्य सरकार को सौंपेंगे.आयोग विकास दुबे और उसके साथियों की पुलिस और अन्य विभागों/लोगों से संबंध की भी जांच करेगा. साथ ही भविष्य में ऐसी घटना से बचा जा सके इसे लेकर भी सुझाव देगा.

