Visa Trouble: UK Visa and US Visa हासिल करने वाले भारतीयों को बड़ा झटका, ये है कारण

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Visa Trouble: ब्रिटिश प्रधानमंत्री ऋषि सुनक ने वीजा और एनएचएम शुल्क को दोगुना बढ़ा दिया है। सरकार के इस फैसले से ब्रिटेन में रहने वाले भारतीय नाराज हैं। उन्होंने कहा यह फैसला सुनक सरकार की नस्लवादी और विभाजनकारी नीति का प्रतीक है। अमेरिका और ब्रिटेन में रहने का सपना देखने वालों के लिए बुरी खबर है। एक तरफ ब्रिटेन ने वीजा आवेदन के शुल्क को दोगुना कर दिया वहीं दूसरी ओर अमेरिकी वीजा के लिए किए अधिकांश आवेदन अस्वीकार किए जा रहे हैं। ब्रिटिश प्रधानमंत्री ऋषि सुनक ने वीजा और एनएचएम शुल्क बढ़ाकर दोगुना कर दिया। सरकार के फैसले के बाद ब्रिटेन में रह रहे भारतीय नाराज हैं। उन्होंने कहा ब्रिटेन सरकार का ये फैसला सुनक सरकार की नस्लवादी नीति का प्रतीक है।

ऋषि सुनक का लक्ष्य वीजा शुल्क में बढ़ोतरी के जरिए ब्रिटेन के सार्वजनिक क्षेत्र कर्मचारियों के लिए वेतन वृद्धि करना है। इसमें पुलिस, शिक्षक, जूनियर डॉक्टर और अन्य सार्वजनिक क्षेत्र के कर्मचारी शामिल हैं। उन्होंने कहा कि पूरे बोर्ड में पांच से सात फीसद सामान्य वृद्धि हुई है। रिपोर्ट्स के अनुसार ब्रिटेन वीजा के लिए 65 हजार रुपए के स्थान पर करीब 1.08 लाख रुपए खर्च करना पड़ेगा। अंतरराष्ट्रीय छात्रों के लिए अब इसकी राशि 50 हजार रुपए से बढ़कर 82 हजार रुपए की गई है। बता दें कि Fees, visa application submission करने के पहले ले लिया जाता है।

ब्रिटेन प्रधानमंत्री ऋषि सुनक ने घोषणा की है कि भारतीयों सहित वीजा आवेदकों द्वारा राष्ट्रीय स्वास्थ्य सेवा (एनएचएस) को भुगतान में की गई फीस और स्वास्थ्य अधिभार में तेजी आएगी। यह बढ़ोतरी 15 % से 20 % करने की बात कही थी। ऋषि सुनक ने कहा कि यदि हम सार्वजनिक क्षेत्र के कर्मचारियों के वेतन वृद्धि को प्राथमिकता देगें तो वह पैसा कहीं से लाना होगा। मैं लोगों पर कर लगाने के लिए तैयार नहीं। इसलिए हमने इस पैसे की व्यवस्था करने के लिए दो चीजें की हैं। पहला, देश में आने वाले प्रवासियों के वीजा आवेदन शुल्क को बढ़ाना है।

अमेरिका में वीजा मामले में निराशाजनक खबर

अमेरिका से वीजा मामले में निराशाजनक खबर है। अमेरिका वीजा जारी करने में उत्साह नहीं दिखा रहा। पिछले कुछ समय में अमेरिकी टेक कंपनियेां में छंटनी हुई हैं। 2022-2023 के बीच करीब 50 हजार एच-1 वीजा रद्द हुए हैं। इनमें सबसे अधिक भारतीय प्रभावित हुए हैं। ग्रीन कार्ड जारी करने के मामले में अमेरिका का रवैया ठीक नहीं। हर साल अमेरिका 1.40 लाख वीजा जारी करता है। इसमें कैप लगा होने के कारण भारतीयों को 8.5 हजार वीजा जारी होते हैं। आंकड़ों के अनुसार 9 लाख भारतीय ग्रीन कार्ड के लिए वेटिंग में हैं।

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