शनि बदलेगा इस साल राजनीति की चाल, होंगी बड़ी उथल-पुथल

उत्तराखंडशनि बदलेगा इस साल राजनीति की चाल, होंगी बड़ी उथल-पुथल

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शनि बदलेगा इस साल राजनीति की चाल, होंगी बड़ी उथल-पुथल

साल 2022 में देश के 5 राज्यों में विधानसभा चुनाव होने जा रहे हैं। चुनावों से पहले ही राजनीति में बड़ी उथल-पुथल देखी जा रही है। कई बड़े नेताओं के बयानों के साथ ही राजनीतिक दलों में भी अंदरखाने उहापोह की स्थिति नजर आ रही है। ज्योतिषियों का कहना है कि इस साल के राजा शनि महाराज हैं। शनि की सत्ता के चलते साल की शुरुआत में ही कई बड़ी घटनाएं देखी जा रही हैं । बीते 100 सालों में 15वी बार , जबकि 10 सालों में दूसरी बार ऐसा हुआ है कि साल की शुरुआत और अंत शनिवार से हो रहा है। वहीं हिंदू नव वर्ष विक्रम संवत 2079 का शुभारंभ भी शनिवार के साथ होगा।

आर्थिक मंदी और गिरावट का रहेगा दौर

पाल बालाजी ज्योतिष संस्थान के निदेशक डॉ अनीस व्यास बताते हैं कि साल के 4 महीने शनि के प्रभाव के चलते आर्थिक मंदी और व्यापार में गिरावट के दौर से गुजरेंगे। इसी अवधि में सभी ग्रह केतु और राहु के बीच गोचर भी करेंगे। जो आम जनता के लिए बहुत मुश्किल हो सकता है। वह बताते हैं कि हिंदू वर्ष में शनि के धनेश होने से कई प्रभाव देखने को मिलेंगे। इस वर्ष के मंत्री देव गुरु बृहस्पति रहेंगे। जो कुंभ राशि में गोचर कर रहे हैं। कुंभ राशि शनि द्वारा शासित है। जिसका सीधा प्रभाव भी देखने को मिलेगा।

बड़े नेताओं को करना होगा ‘हार’ का सामना

ज्योतिषी अनिल मित्रा बताते हैं कि साल 2022 का पहला दिन यानी 1 जनवरी को शनिवार था। जबकि साल के अंतिम दिन यानी 31 दिसंबर को भी शनिवार ही रहेगा। इसके साथ ही 2 अप्रैल 2022 को शुरू होने जा रहे हिंदू वर्ष की शुरुआत भी शनिवार से होगी। इसके प्रभाव के चलते ही कई बड़े राजनेताओं को हार का सामना भी करना पड़ सकता है। अपने स्वामित्व वाली मकर राशि में शनिदेव फिलहाल गोचर कर रहे हैं ।जबकि 29 अप्रैल 2022 को वह कुंभ राशि में प्रवेश करेंगे। इसके बाद 12 जुलाई 2022 को फिर से वक्री होकर मकर राशि में उनका प्रवेश होगा। 17 जुलाई 2023 को शनि देव कुंभ राशि में दोबारा प्रवेश करेंगे। यह दोनों ही राशियां शनि के स्वामित्व वाली राशियां है। शनि के प्रभाव के चलते फसलों की हानि, कम बारिश, स्वास्थ्य समस्याओं में भी वृद्धि होगी।

राहु केतु का भी होगा गोचर

ज्योतिषियों के अनुसार 2022 में राहु केतु भी अपनी राशि बदलेंगे। यह दोनों ग्रह हमेशा उल्टी चाल में चलते हैं। 12 अप्रैल 2022 को वृषभ राशि में राहु अपनी यात्रा खत्म करके मेष राशि में प्रवेश करेंगे। जबकि केतु भी तुला राशि में इसी दिन प्रवेश करेंगे। यह दोनों ग्रह अप्रत्याशित और शुभ या अशुभ दोनों तरह के परिणाम देंगे।

ये करें उपाय

इस वर्ष शनि का महामंत्र जाप करने से शनिदेव प्रसन्न होंगे। इसके साथ ही मंदिर में शनिवार के दिन पीपल के पेड़ पर जल चढ़ाएं। जबकि सरसों के तेल का दीपक भी अर्पण करें। काले कुत्ते को रोटी में सरसों का तेल लगाकर भोग लगाएं। सिंदूर और चमेली मंगलवार के दिन हनुमान जी को अर्पित करें। हनुमान चालीसा का पाठ करें। शनि देव कर्म के हिसाब से न्याय करते हैं। इसलिए जरूरतमंदों की मदद करें और बड़े बुजुर्गों का सम्मान करें।

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