पुलिस भर्ती परीक्षा के बाद अब समीक्षा अधिकारी और सहायक समीक्षा अधिकारी भर्ती परीक्षा को भी मुख्यमंत्री योगी ने निरस्त करने का एलान कर दिया। पेपर लीक की ख़बरों और सबूतों के बाद आखिरकार मुख्यमंत्री को ये फैसला लेना ही पड़ा, इससे पहले पुलिस भर्ती परीक्षा को भी रद्द किया जा चूका है. अभ्यर्थियों का आरोप है कि परीक्षा में धांधली हुई है, पेपर लीक हुआ है इसलिए दोबारा से परीक्षा कराई जाय. लोकसभा चुनाव सिर पर है और लाखों उम्मीदवारों की नाराज़गी से डरकर मुख्यमंत्री योगी को अब आरओ/एआरओ भर्ती परीक्षा भी रद्द करना पड़ी है. इसके साथ ही पेपर लीक मामले की एसटीएफ को जांच दी गई है और कहा गया है कि 6 महीने में परीक्षा दोबारा कराई जाएगी।
जानकारी के मुताबिक उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग द्वारा 11 फरवरी 2024 को आयोजित आरओ/एआरओ (प्रारम्भिक) भर्ती परीक्षा, 2023 की शनिवार को समीक्षा की गई. मुख्यमंत्री योगी ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट ‘एक्स’ के माध्यम से परीक्षा रद्द करने की जानकारी दी, इसके साथ ही उन्होंने परीक्षा 6 महीने के अंदर दोबारा आयोजित कराने का वादा किया. मुख्यमंत्री ने पेपर लीक के दोषियों को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा कि दोषियों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा. ऐसी सजा दिलाएंगे जो नजीर बनेगी.
बता दें कि कार्मिक विभाग ने बीते 11 फरवरी को हुई समीक्षा अधिकारी और सहायक समीक्षा अधिकारी की भर्ती परीक्षा में शिकायतों को लेकर अभ्यर्थियों से 27 फरवरी तक सबूत के साथ आपत्तियां मांगी थीं. पेपर लीक के खिलाफ आंदोलित अभ्यर्तीयों का कहना था कि उनके पास सारे सबूत हैं. उनकी मांग थी कि परीक्षा निरस्त कर देनी चाहिए.

