नागपुर की लो बाउंस विकेट पर पहला दिन टीम इंडिया के नाम रहा, पहले गेंदबाज़ों ने जलवा दिखाया, उसके बाद बल्लेबाज़ों ने एक मज़बूत शुरुआत दी. पहले दिन के खेल और पिच के मिजाज़ को देखते हुए कहा जा सकता है कि मेहमान टीम के लिए यह टेस्ट काफी मुश्किल भरा होने वाला है. टॉस ऑस्ट्रेलियन कप्तान कमिंस ने जीता और बिना झिझक पहले बल्लेबाज़ी का फैसला किया लेकिन उनका यह फैसला उन्हें रास नहीं आया उन्हें शुरुआत में ही जो ताबड़तोड़ झटके लगे वो रुक रूककर लगातार लगते रहे. ऑस्ट्रेलिया की टीम सिर्फ 177 रन पर आउट हो गयी जिसमें 77 रन भारतीय टीम ने आज दिन का खेल समाप्त होने तक बना लिए हैं और उसको के एल राहुल का नुक्सान उठाना पड़ा है. यानि टीम इंडिया को बढ़त हासिल करने के लिए सिर्फ सौ रन चाहिए, उसके पास 9 विकेट शेष हैं.
रोहित ने दिखाया इंटेंट, राहुल फिर नाकाम
कप्तान रोहित ने लो बाउंस विकेट पर कैसे खेला जाता है यह दिखा दिया। वो 56 रनों पर नाबाद हैं और यह रन उन्होंने सिर्फ 69 गेंदों में बनाये हैं जिसमें 9 चौके और एक छक्का शामिल है. रोहित ने अपने आक्रमक इंटेंट से दिखा दिया है जब विकेट मुश्किल हो तो रन बनाने का कोई मौका छोड़ना नहीं चाहिए। रोहित ने आज वही किया और हर खराब गेंद को सबक सिखाया, वहीँ आउट फॉर्म चल रहे के एल राहुल ने एकबार फिर निराश किया। हालाँकि उन्होंने 76 की साझेदारी ज़रूर की मगर वो लगातार जूझते हुए दिखाई दिए. 22 रनों की पारी खेलकर वो टॉड मर्फी का शिकार बने. इन 22 रनों के लिए राहुल को 71 गेंदे खेलनी पड़ीं। बता दें कि के एल राहुल की वजह से ही इन्फॉर्म शुभमन गिल की जगह नहीं बन पा रही है. कप्तान रोहित शर्मा और कोच द्रविड़ को KLR में बहुत ज़्यादा विशवास है.
सर जडेजा का जलवा
पांच महीने बाद मैदान में वापस लौटे रविंद्र जडेजा दिखा दिया कि लोग उन्हें सर जडेजा क्यों कहते हैं.ऑस्ट्रेलियन बल्लेबाज़ पिछले कई दिनों से भारतीय स्पिनर्स को ढंग से खेलने के लिए जमकर अभ्यास कर रहे थे लेकिन रविंद्र जडेजा के नेतृत्व में भारतीय स्पिनर्स ने नागपुर टेस्ट के पहले दिन कंगारुओं का पुलिंदा बाँध दिया और पूरी टीम को 177 रनों पर ढेर कर दिया। जडेजा ने वापसी का जश्न मनाते हुए पांच विकेट हासिल किये, वहीँ अनुभवी अश्विन ने भी तीन विकेट चटकाकर ऑस्ट्रेलियन बल्लेबाज़ों को वापसी का कोई मौका नहीं दिया। इससे पहले खेल के पहले दस मिनट में शमी और सिराज ने दो विकेट हासिल कर ऑस्ट्रेलिया को ज़ोरदार झटका दिया था.
कैरी बन रहे थे खतरनाक
इससे पहले ऑस्ट्रलिया को दो शुरूआती झटके लगने के बाद मार्नस लाबुशेन और स्टीव स्मिथ की जमती हुई जोड़ी को जडेजा ने सबसे पहले तोडा। उनका पहला शिकार मार्नस लाबुशेन बने जिन्हें जडेजा स्टंप कराया, अगली ही गेंद पर मैट रेंशा जडेजा की गेंद पर विकटों के सामने पाए गए. कुछ ही देर बाद जडेजा ने अपनी आँखें जमा चुके स्टीव स्मिथ को बोल्ड कर ऑस्ट्रलियन मिडिल आर्डर की कमर तोड़ दी. यहाँ से अश्विन ने मोर्चा संभाला और पीटर हैंड्सकॉम्ब के साथ पारी जमाने जुटे एलेक्स कैरी को आउट कर ऑस्ट्रलिया के अरमानों पर पानी फेरा, कैरी काफी आक्रामक अंदाज़ अपनाये हुए थे और भारत के लिए खतरनाक बन रहे थे.
अश्विन ने झटके तीन विकेट
162 रनों पर छठा विकेट गंवाने के बाद ऑस्ट्रेलियन टीम का पुलिंदा बंधे में ज़्यादा देर नहीं लगी. पीटर हैंड्सकॉम्ब जो अच्छी बल्लेबाज़ी कर रहे थे उनकी 31 रनों की पारी का जडेजा ने अंत किया, इसके बाद टॉड मर्फी को पगबाधा कर जडेजा ने अपना पंजा पूरा किया। ऑस्ट्रेलिया की पूरी टीम 63.5 ओवरों में 177 रनों पर ढेर हो गयी. ऑस्ट्रेलियन कप्तान पैट कमिंस के बल्लेबाज़ों ने टॉस जीतने का फायदा नहीं उठाया या ऐसा भी कह सकते हैं कि जडेजा और अश्विन ने उठाने नहीं दिया।

