मरकज से नहीं हो सकती कुंभ की तुलना

उत्तराखंडमरकज से नहीं हो सकती कुंभ की तुलना

Date:


मरकज से नहीं हो सकती कुंभ की तुलना

सीएम तीरथ सिंह ने कहा, एक हाॅल और 16 घाट की तुलना कैसे होगी
कहा, हरिद्वार कुंभ में कोविड-19 प्रोटोकाल का किया गया पालन

देहरादून। कुंभ के आयोजन की तुलना दिल्ली में पिछले साल हुए मरकज के कार्यक्रम से करना बेमानी है। एक हाॅल में होने वाले कार्यक्रम की तुलना 16 घाटों पर होने वाले स्नान से कैसे की जा सकती है। यह कहना है उत्तराखंड के सीएम तीरथ सिंह रावत का जो सोमवार शाम को पत्रकारों से वर्चुअली वार्ता कर रहे थे। सीएम ने कहा मरकज का कार्यक्रम एक इमारत के भीतर सीमित स्थान पर था जबकि यहां विस्तृत खुले परिसर में कुंभ मेले का आयोजन किया जा रहा है। सीएम ने कहा कुंभ मेले का आयोजन गंगा जी के पास हो रहा है और श्रद्धालु गंगा जी का आशीर्वाद लेकर लौट रहे हैं।

दरअसल तीर्थनगरी हरिद्वार में चल रहे कुंभ मेले में सोमवार को बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने सोमवती अमावस्या पर शाही स्नान किया। सोशल मीडिया पर घाटों पर उमड़ी भीड़ के फोटो वायरल हुए और लोगों ने कुंभ मेले की तुलना 2020 में दिल्ली स्थित निजामुद्दीन दरगाह में हुए मरकज से की। सोमवार को पत्रकारों के सवाल उठाने पर सीएम तीरथ सिंह रावत ने साफ कहा कि कुंभ मेला हरिद्वार ही नहीं बल्कि ऋषिकेश से लेकर नीलकंठ तक फैला है। लोग सीमित समय के लिये स्नान करने को आते हैं और तुरंत वहां से वापस लौट जाते हैं।

सोमवार शाम सचिवालय में वर्चुअल प्रेस कांफ्रेस को संबोधित करते हुए सीएम तीरथ सिंह रावत ने पत्रकारों से कहा कि आज शाही स्नान के दौरान कोविड 19 गाइडलाइन का शतप्रतिशत पालन कराया गया है। कोविड 19 मानकों को लागू करने के लिए पर्याप्त इंतजाम कराए गए थे। स्नान करने वालों में बाहर से आए श्रद्धालुओं के साथ स्थानीय लोग भी शामिल रहे। सीएम ने कहा कि साधु-संत कुंभ मेले में जिस तरह की सुविधाएं चाहते थे वे सभी मुहैया करवाई गई हैं।

Share post:

Subscribe

Popular

More like this
Related