Uttarakhand News : चारधाम यात्रा पर जाने वाले श्रद्धालुओं के लिए जारी की हेल्थ एडवाइजरी, ऐसे बरते सतर्कता

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देहरादून। चार धाम यात्रा पर अब तक छह श्रद्धालुओं की मौत के बाद से धामी सरकार हरकत में आई है। सरकार ने चार धाम यात्रा में आने वाले श्रद्धालुओं के लिए हेल्थ एडवाइजरी जारी की है। जिसके तहत श्रद्धालुओं से अपील की गइ है कि वे चार धाम यात्रा में आने के लिए विशेष रूप से सावधानी बरतेंं। केदारनाथ धाम आ रहे श्रद्धालुओं के लिए स्वास्थ्य को लेकर विशेष एहतियात बरतने की अपील की गई है। केदानाथ धाम समुद्रतल से 11750 फीट की ऊंचाई पर स्थित हैं। यहां पर पल में मौसम बदल जाता है। पूरे साल ठंड का माहौल रहता है। पिछले एक हफ्ते से लगातार बारिश हो रही है।

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आज भी कपाट खुलने के बाद से बारिश हो रही है। ऐसे में देश के दूसरे राज्यों से आने वाले श्रद्धालुओं को स्वास्थ्य समस्याएं होना आम बात है।  सरकार की ओर से जारी एडवाइजरी में कहा गया है कि कोई भी श्रद्धालुगण बिना रजिस्ट्रेशन यात्रा न करें। वह अपना स्वास्थ्य परीक्षण जरूर कराएं। इसी के साथ ही चिकित्सक की लिखी दवाएं अपने पास रखे। अपने साथ गर्म कपड़े लेकर आए। बर्फबारी होने पर आंखों पर चश्मों लगाए। हृदय, सांस, मधुमेह और हाईएल्टीट्यूड के रोग से पीडित अपने प्रति विशेष सावधानी रखें। यात्रा के दौरान धूम्रपान और मादक पदार्थों का प्रयोग ना करें। गौरीकुंड से केदारधाम चलने से पहले हल्का व्यायाम जरूर करें। पैदल मार्ग पर धीरे-धीरे चलें। 

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स्वास्थ्य खराब होने पर करें ये काम :

बिना डाक्टरी सलाह के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में न जाए। दिल की धड़कन तेज होने पर थोड़ा आराम करें। गर्म कपड़ों का उपयोग करें।  पैदल मार्ग पर जंक फूड का सेवन कदापि न करें।  बताया जाता है कि केदारनाथ धाम में सिर्फ 57 प्रतिशत ऑक्सीजन ही होती है। जबकि एक स्वस्थ्य व्यक्ति के लिए सांस लेने में 70 प्रतिशत ऑक्सीजन जरूरी होती है। आठ हजार फीट ऊंचाई के बाद शरीर का ऑक्सीजन बढ़ने लगता है। केदारनाथ धाम में सांस लेने के लिए 87 प्रतिशत ऑक्सीजन की जरूरत है। लेकिन यहां 57 प्रतिशत ऑक्सीजन है। इसलिए यहां पर बेचैनी, बेहोश के साथ ही हार्टअटैक की आशंका बढ जाती है।

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