नई दिल्ली: ड्रीम इलेवन को इंडियन प्रीमियर लीग की टाइटल स्पॉन्सरशिप मिल चुकी है। ड्रीम इलेवन ने ये अधिकार 222 करोड़ में खरीदे हैं। इस बात की जानकारी आईपीएल अध्यक्ष बृजेश पटेल ने दी है।
आईपीएल की मुख्य प्रायोजक बनने की रेस में अनएकेडमी टाटा और बायजू थे। अनएकेडमी की 210 करोड़, टाटा की 180 करोड़, जबकि बायजू की बोली 125 करोड़ की थी।
ड्रीम 11 ने आईपीएल टाइटल स्पॉन्सरशिप राइट्स हासिल करने की रेस में फेवरिट मानी जा रही टाटा संस को पछाड़ दिया है। टाटा संस के अलावा इस दौड़ में बायजूज, रिलायंस जियो, टाटा संस और अनअकैडमी जैसी कंपनियां शामिल थी। लेकिन ड्रीम 11 ने सभी को पछाड़ते हुए टाइटल स्पॉन्सरशिप हासिल की। बता दें कि चीनी मोबाइल फोन निर्माता कंपनी वीवो (VIVO) के हटने के बाद बीसीसीआई को नए टाइटल स्पॉन्सर की तलाश थी।
इस रेस में कई बड़ी कंपनियां दौड़ में शामिल थीं। वीवो ने 2018 में 5 साल के लिए बीसीसीआई से करार किया था। करार के तहत वह हर साल बीसीसीआई को 440 करोड़ रुपये देता था। हालांकि, इस बार देश में चीन के खिलाफ बने माहौल के चलते चीनी मोबाइल निर्माता कंपनी ने हटने का फैसला किया।
यह सौदा 18 अगस्त से 31 दिसंबर, 2020 तक चलेगा। आईपीएल के अध्यक्ष बृजेश पटेल ने पुष्टि की कि ड्रीम 11 ने टाइटल स्पॉन्सरशिप के लिए 222 करोड़ रुपए का भुगतान किया है। बता दें कि इस साल आईपीएल 29 मार्च से शुरू होना था, लेकिन कोरोनावायरस महामारी के कारण अब इसे संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) में आयोजित किया जाएगा। इससे पहले 2014 में भी यूएई में आईपीएल के कुछ मैच खेले गए थे।

