हरिद्वार। जिला हरिद्वार में हुए पंचायत चुनाव के परिणाम अब पूरी तरह से घोषित हो चुके हैं। सबसे हैरानी वाली बात कि पंचायत चुनाव के दौरान जिसने जहरीली शराब बांटकर 12 लोगों की जान ले ली। उसकी फरार पत्नी ही ग्राम प्रधानी का चुनाव जीत गई है। वह भी मात्र एक वोट से। 10 सितंबर को सामने आए शराब कांड के मुख्य आरोपी की पत्नी और शराब कांड में फरार सह आरोपी बबली देवी ने प्रधान पद का चुनाव जीत लिया। रोचक बात ये कि बबली देवी ने महज एक वोट से चुनाव जीता है। दरअसल, 10 सितंबर को हरिद्वार जिले के पथरी थाना क्षेत्र के फूलगढ़ और शिवगढ़ गांव में कच्ची शराब पीने से चार ग्रामीणों की तबियत बिगड़ी थी। जिसके बाद अस्पताल में इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई थी। अगले तीन दिनों तक गांव के दूसरे लोगों की हालात बिगड़ी और चार दिनों में मरने वालों का आंकड़ा 12 तक पहुंचा था। मामले ने तूल पकड़ा तो पथरी थाना इंचार्ज सहित तीन पुलिसकर्मियों और आबकारी विभाग के 11 कर्मचारियों को सस्पेंड कर दिया था। मामले की जांच के लिए एसआईटी बना दी गई थी। एसआईटी अभी तक शराब कांड की जांच में जुटी है। एसआईटी इंचार्ज आईपीएस रेखा यादव का कहना है कि मामले की जांच अभी जारी है।
फरार आरोपियों को गिरफ्तार किया जाएगा। घटना के दो दिन बाद पुलिस ने लोगों को कच्ची शराब पिलाने वाले विजेंद्र को गिरफ्तार किया था। विजेंद्र के पास से 40 लीटर कच्ची शराब,भट्टियां मिली थी। मामले में विजेंद्र की पत्नी को आरोपी बनाया। जो अभी तक फरार चल रही है। बता दें कि विजेंद्र की पत्नी बबली देवी शिवनगर ग्राम पंचायत सीट से चुनाव लड़ रही थी। पत्नी को चुनाव जिताने के लिए विजेंद्र ने ग्रामीणों को शराब परोसी थी। मामले में विजेंद्र की पत्नी बबली देवी और विजेंद्र का भाई आरोपी है। दोनों देवर-भाभी फरार चल रहे हैं। शराब कांड की सहआरोपी बबली ने अपनी प्रतिद्वंदी स्वाति को सिर्फ एक वोट से हराकर चौंका दिया। बबली देवी को 859 जबकि स्वाति चौहान को 858 मत प्राप्त हुए हैं। सिर्फ एक वोट का अंतर होने के चलते समर्थकों ने रिकाउंटिंग करवाई। हालांकि दोबारा मतगणना में भी एक वोट का अंतर मिला। शराब कांड की सह आरोपी बबली देवी की एक वोट से जीत को हर कोई अजूबा ही मान रहा है। खास बात ये है कि बबली देवी का पति जेल में है और वह खुद फरार चल रही है।

