नई दिल्ली। गुजरात में नेतृत्व परिवर्तन तो हो गया पर अंदरूनी उठा-पटक तेज हो गई। बुधवार को कैबिनेट विस्तार संभावित है, पर मंत्रिमण्डल का विस्तार करने से पहले पार्टी में फेरबदल की जो सुगबुगाहट फैली उससे आपसी खींचतान बढ़ सकती है। लोकल मीडिया रिपोट्र्स के मुताबिक, भूपेंद्र पटेल पूरे घर के बदल डालने के मूड में है यानि मंत्रिमंडल में बड़ा बदलाव करने की मंशा रखते हैं। इसे लेकर संगठन के कई लीडर खुश नहीं हैं। कहा जा रहा है कि, इसी कारण जहां पहले मंत्रियों की ओथ- सेरेमॉनी दिन में ही होनी थी, जिसे बाद में शाम तक के लिए टाला गया।
मिली जानकारी को समझें तो नवनियुक्त सीएम भूपेंद्र पटेल के इस निर्णय से पहले एक्स सीएम विजय रूपाणी, डिप्टी सीएम नितिन पटेल और मिनिस्टर भूपेंद्र सिंह चुडासमा के मिजाज में तल्ख दिखायी दिये। बताया जा रहा है कि उप मुख्यमंत्री नितिन पटेल को मात्र बतौर मिनिस्टर मंत्रिमण्डल में रखा जाना है। इससे पार्टी में आपसी कलह तेज होने की आशंका है।
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बीजेपी हवाले से प्राप्त सूचना के अनुसार, नब्बे प्रतिशत से ज्यादा मंत्रियों की छुट्टी होने वाली है। महज इक्का-दुक्का पुराने मंत्री ही नये सीएम की कैबिनेट में रहेंगे। ऐसे में पार्टी के भीतर ही गर्माहट स्वाभाविक है। इस बीच कई एमएलए एक्स सीएम विजय रूपाणी के पास पहुंचे हैं। इन विधायकों में ईश्वर पटेल, ईश्वर परमार, बचु खाबड़, वासण आहीर, योगेश पटेल के नाम सामने आ रहे हैं।
इधर पार्टी के स्टेट स्पोक्सपर्सन यमल व्यास ने जानकारी दी है कि, नये शामिल होने वाले मिनिस्टर्स के नाम अभी सार्वजनिक नहीं हैं। नये मिनिस्टर्स राजधानी गांधीनगर में दोपहर बाद शपथ ले सकते हैं।
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इस बीच अनुमान है कि, नवनियुक्त सीएम अपने कैबिनेट में तमाम नये नये चेहरों को शामिल करने वाले हैं। ऐसे में तमाम पुराने लीडर्स कसे अपना स्थान छोडऩा पड़ सकता है। कई महिलाओं को पटेल कैबिनेट में जगह मिलने वाली है। नयी कैबिनेट में जातीय समीकरण का तालमेल भी देखने को मिलेगा।

