सवाल पूछने पर पत्रकार पर भड़के राहुल गांधी ने कहा, सरकार की दलाली मत करो

फीचर्डसवाल पूछने पर पत्रकार पर भड़के राहुल गांधी ने कहा, सरकार की...

Date:


सवाल पूछने पर पत्रकार पर भड़के राहुल गांधी ने कहा, सरकार की दलाली मत करो

  • सबसे सवाल पूछने वाले राहुल गांधी पत्रकार के सवाल पूछने पर भड़क गये

नई दिल्ली। सभी से सवाल पूछने वाले राहुल गांधी से जब मीडिया सवाल पूछती है तो अक्सर वह भड़क उठते हैं। ऐसा ही कुछ आज हुआ जब मीडिया ने उनसे लीचिंग को लेकर किये गये ट्वीट के बारे में पूछा। सवाल से भड़के राहुल गांधी ने पत्रकार से कहा, सरकार की दलाली मत करो।

Read also: हिंदुओं का मानना है, हर व्यक्ति का डीएनए अद्वितीय होता है : राहुल गांधी

दरसअल राहुल गांधी ने आज एक ट्वीट में लिखा की 2014 से पहले लीचिंग शब्द सुनने में भी नहीं आता था। इस ट्वीट को लेकर पत्रकार वार्ता के दौरान एक पत्रकार ने सवाल किया तो राहुल गांधी का गुस्सा भड़क गया। उन्होंने मीडिया के सामने ही पत्रकार को कहा, सरकार की दलाली मत करो। इस बयान के बाद जब मीडिया का गुस्सा फूटा तो राहुल गांधी ने वहां से निकल जाने में ही भलाई समझी।

मीडिया पर अक्सर सरकार के पक्ष में काम करने का आरोप लगाने वाले कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने सोमवार को भी एक पत्रकार से ही पूछ डाला की आप सरकार के लिए काम करते है क्या? दरअसल सोमवार को मीडिया ब्रीफिंग के दौरान जब एक पत्रकार ने सवाल पूछा की ‘राहुल जी, सरकार का कहना है कि हाउस आर्डर में नहीं आता है इस वजह से चर्चा नहीं हो रही है, हम डिस्कशन के लिए तैयार हैं। इससे पहले की पत्रकार का सवाल पूरा होता राहुल गांधी भड़क गए और उन्होंने पत्रकार से ही पूछ लिया, आप (पत्रकार) सरकार के लिए काम करते हैं क्या? पत्रकार इसका जवाब देते की कोशिश ही कर रहे थे कि राहुल गांधी ने फिर से उनकी बात काटकर कहा ‘आप (पत्रकार) सरकार के लिए काम करते हैं?’ क्या पत्रकार के मना करने पर राहुल गांधी ने कहा मुझे जवाब देने दीजिए मैं जवाब दे रहा हूं आपके सवाल का, क्या आप सरकार के लिए काम करते हैं? हाउस को आर्डर में रखने की किसकी जिम्मेदारी होती है? अपोजिशन की नहीं होती, सरकार की होती है।

Read also: मेरे परिवार ने भी दिया है देश के लिये बलिदानः राहुल गांधी

राहुल गांधी का यूं मीडिया पर भड़कना पहली बार नहीं हुआ है। मगर सवाल पूछने पर किसी भी पत्रकार पर सरकार के लिये काम करने का आरोप लगाना भी किसी राजनीतिक दल के नेता के लिए उचित नहीं है। खासकर उस नेता के लिए जो सांसद भी हो और एक राष्ट्रीय पार्टी का अध्यक्ष भी रह चुका हो। ऐसा नेता जो पार्टी की ओर से प्रधानमंत्री बनने का दावेदार भी रह चुका हो, ऐसे व्यक्ति का मीडिया पर सरेआम आरोप लगाना न तो राजनीतिक मर्यादाओं में आता है और न ही यह पार्टी के हित में है।

Share post:

Subscribe

Popular

More like this
Related