कुंभ मेला में स्थानीय लोगों को भी दिखानी होगी कोविड नेगेटिव रिपोर्ट
बाहरी राज्यों के श्रद्धालुओं को वेबसाइट पर कराना होगा रजिस्ट्रेशन
हरिद्वार। कुंभ मेला की तय अवधि का काफी समय गुजर चुका है। लाखों श्रद्धालु हरिद्वार में आकर मां गंगा के पवित्र जल में स्नान कर अपने राज्यों को लौट भी चुके हैं। मगर कुंभ मेला आयोजन को लेकर हर दिन व्यवस्थाएं बदल रहीं हैं। उत्तराखंड हाइकोर्ट की सख्ती के बाद अब उत्तराखंड सरकार से लेकर उनके अधिकारी तक एसओपी का सख्ती से पालन कराने का दावा कर रहे हैं। पहले जहां अन्य राज्यों से आने वाले श्रद्धालुओं को कोविड नेगेटिव रिपोर्ट दिखाने की अनिवार्यता समाप्त करने वाली उत्तराखंड सरकार ने अब स्थानीय नागरिकों के लिये भी कुंभ मेला में आने पर कोविड नेगेटिव रिपोर्ट दिखाना अनिवार्य कर दिया है। वहीं अन्य राज्यों से आने वाले श्रद्धालुओं को कुंभ मेला की वेबसाइट पर रजिस्ट्रेशन कराना भी अनिवार्य हो गया है।
उत्तराखंड के पूर्व सीएम त्रिवेंद सिंह रावत ने जहां कुंभ मेला का आयोजन सीमित करने और कोविड-19 गाइडलाइन के अनुसार संपन्न कराने का प्रयास किया था। मगर प्रदेश की सत्ता बदलते ही सीएम तीरथ सिंह रावत ने कुंभ मेला का आयोजन भव्य और व्यापक रूप से कराने का ऐलान करते हुए श्रद्धालुओं पर लगायी कोविड नेगेटिव रिपोर्ट दिखाने जैसी बंदिशों को वापस ले लिया था। वहीं कुंभ मेला मंे आने वाले श्रद्धालुओं के लिये ट्रेनें और बसें चलाने को ऐलान भी किया गया था।
कुंभ मेला के दौरान कोविड नियमों के पालन और अधूरे निर्माण कार्याें को लेकर दर्ज याचिका की सुनवाई करते हुए कोविड गाइडलाइन का पालन करने का आदेश दिया था। वहीं केंद्र सरकार ने भी जारी गाइडलाइन का पालन न करने पर कोरोना संक्रमण फैलने की चेतावनी दी थी। हाईकोर्ट और केंद्र की सख्ती के बाद उत्तराखंड की सरकार से लेकर अधिकारियों तक के सुर बदल गये हैं। अब एसओपी का कड़ाई से पालन कराने का दावा किया जा रहा है। अब अन्य राज्यों से आने वाले श्रद्धालुओं के साथ स्थानीय लोगों को भी कोविड नेगेटिव रिपोर्ट लाना अनिवार्य कर दिया गया है। बाहरी राज्यों से आने वाले श्रद्धालुओं को कुंभ की वेबसाइट पर रजिस्ट्रेशन भी कराना होगा। कुंभ मेला के अन्र्तगत अप्रैल माह में होने वाले 3 बड़े स्नानों में लाखों की भीड़ को मैनेज करना, प्रत्येक श्रद्धालु को कोविड नेगेटिव रिपोर्ट चेक करना एक बड़ी चुनौती होगी। वहीें बिना नेगेटिव रिपोर्ट लाये हरिद्वार पहुंचने वाले श्रद्धालुओं को मैनेज कैसे करेेंगे यह सवाल भी अधिकारियों को परेशान कर रहा है।
वहीं हाईकोर्ट के आदेशानुसार मुख्य सचिव ओमप्रकाश खुद हरिद्वार में कैंप कर कुंभ क्षेत्र में निर्माण कार्यों का निरीक्षण करेंगे। व्यवस्थाओं का जायजा लेने के बाद मुख्य सचिव अपनी रिपोर्ट हाईकोर्ट में सबमिट करेंगे।

