लखनऊ: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रामनवमी के अवसर पर ‘मुख्यमंत्री आरोग्य मेला’ का शुभारंभ किया। जनवरी, 2020 से आरंभ हुए ‘मुख्यमंत्री आरोग्य मेला’ का उद्देश्य, ग्रामीण व शहरी क्षेत्रों में प्रत्येक व्यक्ति को स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराना है। हालांकि कोरोना काल में मेला स्थगित करना पड़ा था, लेकिन आज कोविड पर प्रभावी नियंत्रण के बाद आरोग्य मेला शुरू किया गया। सीएम योगी ने गोरखपुर के जंगल कोडिया पीएचसी सके आरोग्य मेले की शुरुवात की।
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प्रदेश में हर रविवार सभी नगरीय एवं ग्रामीण प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्रों (पीएचसी) पर मुख्यमंत्री आरोग्य स्वास्थ्य मेला आयोजित किया जाएगा। मुख्यमंत्री आरोग्य मेले में मरीजों को तत्काल प्रभाव से इलाज मुहैया करवाने के साथ उनकी जरूरी जांचें भी की जाएंगी। इसके साथ ही जरूरत पड़ने पर मरीजों को तत्काल डॉक्टरों की देखरेख में अस्पताल में एडमिट भी करवा दिया जाएगा।
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मुख्यमंत्री आरोग्य मेले में आयुष्मान भारत योजना के तहत आयुष्मान कार्ड, गर्भावस्था एवं प्रसव कालीन परामर्श, संस्थागत प्रसव संबंधी जागरूकता, जन्म पंजीकरण परामर्श, नवजात शिशु स्वास्थ्य सुरक्षा परामर्श एवं सेवाएं, बच्चों में डायरिया एवं निमोनिया की रोकथाम, बचाव एवं उपचार की जानकारी, बच्चों का नियमित टीकाकरण, आदि, और आवश्यक जांच एवं उपचार की निःशुल्क सेवाएं दी जाएंगी। इसके साथ ही कोविद हेल्प डेस्क बनाकर लोगों से जरूरी गाइडलाइन का पालन भी सख्ती के साथ करवाने के निर्देश दिए गए है।

