श्रीनगर: जम्मू कश्मीर में दो सिख लड़कियों का अपहरण कर जबरन धर्म परिवर्तन करवाने का मामला सामने आया है। इस घटना के बाद से ही सिख समाज भड़का हुआ है। श्रीनगर में सिख समुदाय के लोगों ने इस धर्मांतरण के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किए और लगातार सरकार से मामले में दखल देने की मांग की। सिख समुदाय के लोग लड़कियों को रिहाई की मांग कर रहे हैं। एक घटना बड़गाम जिले तथा दूसरी महजूर नगर की है।
केंद्र से कार्रवाई की अपील
श्रीनगर में शिरोमणि अकाली दल नेता और दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के अध्यक्ष मनजिंदर सिंह सिरसा ने कहा, ‘2 सिख लड़कियों को बंदूक की नोक पर अगवा किया गया और जबरन धर्म परिवर्तन किया गया और एक अलग धर्म के बुजुर्ग पुरुषों से शादी कर दी गई। मैं इस मसले पर केंद्र से कार्रवाई की अपील करता हूं।’
सिख समुदाय का प्रदर्शन
सिरसा रविवार को सिख लड़कियों के कथित जबरन धर्म परिवर्तन और शादी के खिलाफ विरोध प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे थे। सिरसा ने कहा कि जिस लड़की की मुस्लिम से शादी की गई है उसकी पहले से ही 2-3 शादियां हो चुकी हैं। नाबालिग लड़की को जब शादी के लिए कोर्ट ले जाया गया तो सिख समुदाय के लोग कोर्ट के बाहर पहुंच गए हैं धरना देने लगे। प्रदर्शन कर रहे लोगों की मांग थी कि लड़की उन्हें सौंप दी जाय । बड़गाम के गुरुद्वारा प्रबंधक कमिटी के अध्यक्ष संतपाल सिंह के मुताबिक 18 साल की सिख लड़की को लालच देकर फंसाया गया फिर उसका धर्म परिवर्तन कराया गया।
यूपी ATS ने रैकेट का किया भंडाफोड़
गौरतलब है कि हाल के दिनों में उत्तर प्रदेश एटीएस ने एक ऐसे रैकेट का भंडाफोड़ किया था जिसमें एक हज़ार से ज़्यादा लोगों का धर्म परिवर्तन करने की बात कही गयी है। इस सिंडिकेट का मुखिया मोहम्मद उमर गौतम था। एटीएस के मुताबिक ये रैकेट सैकड़ों लोगों का धर्म परिवर्तन करा चुका है और इसे विदेशों से फंडिंग होती थी।

