- अब जम्मू-कश्मीर, लद्दाख में कोई भी खरीद सकता है जमीन
- बिहार चुनाव से ठीक पहले नए कानूनों का नोटिफिकेशन जारी किया
सुनील शर्मा
न्यूज डेस्क। बिहार चुनाव से ठीक एक दिन पहले भारतीय जनता पार्टी की मोदी सरकार ने मतदाताओं में देशभक्ति और अखंड भारत की भावनाओं को जगाने का प्रयास करते हुए जम्मू-कश्मीर और लद्दाख को लेकर एक और बड़ा ऐलान किया है। मंगलवार को केंद्रीय गृह मंत्रालय ने इन केंद्र शासित प्रदेशों को लेकर नए कानूनों का नोटिफिकेशन जारी किया है जिनके मुताबिक, अब कोई भी भारतीय नागरिक जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में जमीन खरीद सकता है।
अब इसे इत्तेफाक कहें या चुनावी रणनीति क्योंकि बुधवार को यानी कल बिहार विधानसभा चुनाव के पहले चरण में 16 जिलों की 71 सीटों पर सख्त सुरक्षा के बीच मतदान होने जा रहा है। ऐसे में भाजपा का यह चुनावी पासा उसे चुनावी वैतरणी पार करने में मदद करेगा या नहीं यह तो चुनावी परिणाम ही बतायेंगे। मगर यह तय है की भाजपा ने पीएम मोदी की चुनावी रैली से जम्मू-कश्मीर, धारा 370 और बिहार के शहीदों के मुद्दे पर मतदाताओं को लुभाने की रणनीति पर कार्य करना शुरू कर दिया था।
बिहार विधानसभा आम चुनाव के पहले चरण में 16 जिलों की 71 सीटों पर सख्त सुरक्षा के बीच बुधवार को मतदान होने जा रहा है। पहले चरण में 1066 उम्मीदवारों में आठ मंत्री सहित 952 पुरुष व 114 महिला प्रत्याशी के भाग्य का फैसला मतदाता करेंगे। बिहार चुनाव में अपना सर्वस्व न्यौछावर करने को तैयार केंद्र की मोदी सरकार ने पहले चरण के मतदान से ठीक पहले जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में जमीन खरीदने के लिए राज्य का स्थायी निवासी होने की शर्त को हटा दिया है। गृह मंत्रालय का नोटिफिकेशन तत्काल प्रभाव से लागू हो गया है।
बिहार चुनाव से एक दिन पहले इस फैसले को लागू किये जाने को भाजपा की ओर से शायद इत्तेफाक ही बताया जायेगा। लेकिन पुष्ठभूमि में जायें तो साफ जाहिर हो रहा है कि भाजपा ने बिहार की जनता के बीच देशभक्ति, बिहार के सपूतों की शहादत और देश की अखंडता, संप्रभुता की भावनाओं को जगाने की रणनीति पहले ही बना ली थी। गौरतलब है कि बिहार के सासाराम में चुनावी रैली को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कहा था कि बिहार के सपूत तिरंगा की खातिर गलवान घाटी में शहीद हो गये लेकिन भारत माता का सिर नहीं झुकने दिया। पुलवामा हमले में भी बिहार के जवान शहीद हो गये। हम उनके चरणों में शीश झुकाते हैं। बिहार की जनता के बीच जम्मू-कश्मीर का मुद्दा उठाते हुए पीएम मोदी ने कहा था, जम्मू कश्मीर से आर्टिकल-370 हटने का इंतजार देश बरसों से कर रहा था या नहीं। ये फैसला हमने लिया, एनडीए की सरकार ने लिया। लेकिन आज ये लोग इस फैसले को पलटने की बात कर रहे हैं। ये कह रहे हैं कि सत्ता में आए तो आर्टिकल-370 फिर लागू कर देंगे।
बिहार के शहीदों, जम्मू कश्मीर से आर्टिकल-370 हटाये जाने और विपक्ष द्वारा इस इस फैसले को पलटने की बात कहे जाने का जिक्र कर पीएम मोदी ने बिहार के मतदाताओं में देशभक्ति की भावनाओं को जगाने का पुरजोर प्रयास किया। वहीं अपने निर्णय पर अडिग रहने का संदेश देते हुए मोदी सरकार ने किसी भी भारतीय के जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में जमीन खरीदने के लिये राज्य का स्थायी निवासी होने की शर्त को हटाते हुए नोटिफिकेशन को तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया है।
बिहार चुनाव शुरू होने से ठीक पहले मोदी सरकार के इस दांव ने विपक्षी दलों को भी सकते में डाल दिया है। अब इस चुनावी पैंतरे का कितना लाभ भाजपा को मिलता है यह तो चुनाव परिणाम ही बतायेंगे। लेकिन यह तय है कि बिहार चुनाव को प्रतिष्ठा का प्रश्न बना चुकी भाजपा चुनावी रणभूमि में कोई भी दांव चलने से चूकने वाली नहीं है।

