Income Tax Return: ITR Filing आईटीआर फाइल करने में मात्र 8 दिन ही बचे हैं। अगर अभी तक रिटर्न फाइल नहीं किया है तो जल्द ये काम पूरा करना चाहिए। हाउसवाइफ हैं और कोई इनकम नहीं मिलती तब भी आईटीआर फाइल करना चाहिए। इसके फायदे होते हैं। Income Tax Return फाइल करने की अंतिम तारीख 31 जुलाई है। अगर कोई नौकरी नहीं करते हैं तब भी रिटर्न फाइल करना चाहिए। अगर एक वित्त वर्ष के दौरान कोई इनकम नहीं होती है तब भी रिटर्न फाइल करना चाहिए। हाउसवाइफ हैं तब भी आईटीआर फाइल कर सकती हैं।
इनकम नहीं है तब भी फाइल करें आईटीआर
कोई इनकम नहीं है तब भी आईटीआर फाइल करना चाहिए। हाउसवाइफ की कोई अपनी आमदनी नहीं होती। ऐसे में उन्हें इनकम टैक्स का भुगतान नहीं करना है लेकिन अगर वो आईटीआर फाइल करती हैं तो इसे जीरो रिटर्न या NIL रिटर्न कहते हैं। वित्त वर्ष 2022-23 के रिटर्न फाइल करने की आखिरी तिथि 31 जुलाई 2023 है।
क्या है जीरो रिटर्न या NIL रिटर्न
जीरो रिटर्न या NIL रिटर्न उस रिटर्न को कहते हैं। टैक्सपेयर्स की इनकम नहीं है। रिटर्न फाइल करता है। जीरो रिटर्न या NIL रिटर्न कहते हैं। किसी टैक्सपेयर्स की सालाना 2.5 लाख रुपए से कम होती है तो टैक्स लायबिलिटी में शामिल नहीं होता है।
ऐसे लोगों को रिटर्न फाइल करने आवश्यकता नहीं होती है। इसकी वजह ये है कि ये लोग टैक्स ब्रैकेट में नहीं आते हैं। अगर वो रिटर्न फाइल करते हैं तो जीरो रिटर्न कहा जाता है।
जीरो रिटर्न या NIL रिटर्न फायदे
जीरो रिटर्न होने पर आईटीआर फाइल करने जरूरत नहीं होती है। अगर आप फिर ऐसा करते हैं तो कई फायदे उठा सकते हैं। अगर जीरी आईटीआर फाइल करते हैं तो कोई बैंक आसानी से लोन दे देगा। लोन लेने के लिए 3 साल के आईटीआर प्रूफ के तौर पर जमा करना होगा। हाउसवाइफ नाम से ज्वाइंट लोन भी ले सकती हैं। हाउसवाइफ के नाम से किसी बैंक या पोस्ट ऑफिस में कोई एफडी चल रही है। उस पर मिलने वाले ब्याज पर टीडीएस कट रहा है तो उसके लिए टैक्स रिफंड ले सकते हैं। अगर जीरो रिटर्न फाइल करने पर तब वीजा एप्लिकेशन और क्रेडिट कार्ड के लिए आवेदन जाता है। आईटीआर इनकम के प्रूफ के तौर पर काम करता है। इससे बड़ी आसानी से वीजा और क्रेडिट कार्ड मिल जाता है।

