164/99 स्कोर के साथ महाराष्ट्र के नए मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने आज विधानसभा में फ्लोर टेस्ट की परीक्षा पास कर ली है. फ्लोर टेस्ट के बाद महाराष्ट्र विधानसभा में जय श्रीराम और भारत माता की जय के नारे भी लगे. फ्लोर टेस्ट के दौरान कुछ विधायक वोट नहीं डाल पाए जबकि कुछ लोगों ने वोटिंग में हिस्सा ही नहीं लिया। वहीँ उद्धव खेमे के दो विधायकों ने शिंदे सरकार के पक्ष में वोट डाला।
विपक्ष के चार जो विधायक वोट नहीं डाल पाये उनमें कांग्रेस के अशोक चव्हाण, विजय वडेट्टीवार और NCP के अन्ना बंसोडे, संग्राम जगताप शामिल हैं. ये सभी देर से विधानसभा पहुंचे थे जिसकी वजह से इनको सदन के अंदर नहीं जाने दिया गया. वोटिंग के दौरान उस वक्त हंगामा भी हुआ जब विधायक प्रताप सरनायक ने शिंदे सरकार के समर्थन में वोट किया तब उद्धव गुट की तरफ से ED-ED के नारे लगाये गए. वोटिंग के दौरान कांग्रेस विधायक कैलास गोरंट्याल ने कहा कि राजनीति में पहले साम, दाम, दंड, भेद जरूरी था लेकिन अब ईडी, सीबीआई के साथ गवर्नर भी जरूरी है. कैलास गोरंट्याल की इस टिप्पणी पर शिंदे गुट ने एतराज जताया.
Read also: Maharashtra Crisis Highlights: कांग्रेस ने कहा कि शिवसेना जहाँ जाना चाहे जा सकती है
जानकारी के मुताबिक फ्लोर टेस्ट के दौरान कांग्रेस के पांच विधायक, SP के दो और AIMIM का एक विधायक अनुपस्थित रहा. वहीँ महाराष्ट्र विधानसभा में फ्लोर टेस्ट में जीत के बाद महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री और मौजूदा उपमुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने प्रस्ताव का समर्थन करने वाले विधायकों का आभार जताया. फडणवीस ने कहा कि एकनाथ शिंदे ने 1980 से शिवसेना में सक्रिय तौर पर काम शुरू किया था और एक आम कार्यकर्ता से आज राज्य के मुख्यनमंत्री का सफर पूरा किया है .

