लखनऊ: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री आज नई जनसँख्या नीति की घोषणा करने वाले हैं. उससे पहले उन्होंने ट्वीट करके ढ़ती जनसंख्या से उत्पन्न होने वाली समस्याओं के बारे में जागरूकता फैलाने के लिए प्रोत्साहित किया.
सीएम ने ट्वीट कर कहा, “बढ़ती हुई जनसंख्या समाज में व्याप्त असमानता समेत प्रमुख समस्याओं का मूल है. समुन्नत समाज की स्थापना के लिए जनसंख्या नियंत्रण प्राथमिक शर्त है. आइये, इस ‘विश्व जनसंख्या दिवस’ पर बढ़ती जनसंख्या से बढ़ती समस्याओं के प्रति स्वयं व समाज को जागरूक करने का प्रण लें.”
इससे पहले गुरुवार को सीएम योगी आदित्यनाथ ने कहा था, आबादी विस्तार के लिए गरीबी और अशिक्षा बड़ा कारक है. इसी वजह से समुदाय में भी जनसंख्या को लेकर जागरूकता का अभाव है. ऐसे में केंद्रित जागरूकता प्रयास की जरूरत है. प्रदेश की निवर्तमान जनसंख्या नीति 2000-16 की अवधि समाप्त हो चुकी है. अब नई नीति समय की मांग है.
इसके अलावा योगी आदित्यनाथ ने स्कूलों में हेल्थ क्लब बनाए जाने के निर्देश भी दिए. साथ ही, डिजिटल हेल्थ मिशन की भावनाओं के अनुरूप नवजातों, किशोरों और वृद्धजनों की डिजिटल ट्रैकिंग की व्यवस्था के भी कहा. उन्होंने कहा, नई नीति तैयार करते हुए सभी समुदायों में जनसांख्यकीय संतुलन बनाए रखने, उन्नत स्वास्थ्य सुविधाओं की सहज उपलब्धता, समुचित पोषण के माध्यम से मातृ-शिशु मृत्यु दर को न्यूनतम स्तर तक लाने का प्रयास होना चाहिए.

