नई दिल्ली। भारतीय बल्लेबाज सुरेश रैना ने शनिवार को कहा कि चीन भारत से कुछ भी पाने का हकदार नहीं है. दोनों देशों के बीच मौजूदा हालात ठीक नहीं चल रहे हैं. भारत के 20 सैनिकों के शहीद होने के बाद से ही भारत में चीनी समाना के बहिष्कार की बात चल रही है. रैना ने कहा कि सैनिकों को खोने के बाद भारी गुस्सा है. जो भी सरकार कर रही है मुझे उम्मीद है कि वह अच्छा काम करेगी. यह दुखद है कि हमारे सैनिकों ने जान गंवाई. मेरे लिए यह आसान है कि बैठ जाऊं और उनके बारे में बोलूं, लेकिन शहीदों के परिवार के लिए यह समय बहुत मुश्किल है. जिस तरह से हमारे देश के सैनिक बॉर्डर पर अपना काम कर रहे हैं, इसके लिए कुछ भी शब्द कहना कम पड़ जाएगा. सेना मजबूत है और मैं हर किसी को सलाम करना चाहता हूं. पहले कोरोना वायरस और अब बॉर्डर पर यह स्थिति. मुझे इसके पीछे कोई रणनीति लग रही है.
स्पांसरशिप पर बीसीसीआई करेगी फैसला
जहां तक बीसीसीआइ की चीनी कंपनियों के साथ करार की बात है तो मुझे लगता है कि बीसीसीआइ इस पर फैसला लेगा. हमारा काम खेलना और देश का नाम रोशन करना है. इस पर फैसला तो बीसीसीआइ और सरकार को लेना है. रैना ने कहा कि मेरा परिवार सेना से जुड़ा रहा है. मैं कह सकता हूं कि सैनिकों की जिंदगी आसान नहीं है. चीन भारत से कुछ भी पाने का हकदार नहीं है. अगर हम चीनी प्रोडक्ट का इस्तेमाल नहीं करेंगे, तो हम पर कोई फर्क नहीं पड़ेगा.

