पटना: चारा घोटाले में सजा काट रहे लालू प्रसाद यादव ने ज़मानत पर बाहर आते ही मोदी सरकार को घेरे में लिया है. लालू ने देश में कोरोना वैक्सीनेशन अभियान को लेकर केंद्र सरकार पर निशाना साधा है. लालू ने 1996-97 के पोलियो टीकाकरण अभियान से इसकी तुलना करते हुए कहा है कि आज सरकार पैसे लेकर भी कोरोना का टीका उपलब्ध नहीं करा पा रही है.
पोलियो टीकाकरण से की तुलना
लालू यादव ने कहा, ‘1996-97 में जब हम समाजवादियों की देश में जनता दल की सरकार थी, जिसका मैं राष्ट्रीय अध्यक्ष था, तब हमने पोलियो टीकाकरण का विश्व रिकॉर्ड बनाया था. लालू यादव हाल ही में जमानत पर जेल से छूटकर बाहर आए हैं. उस वक्त आज जैसी सुविधा और जागरुकता भी नहीं थी, फिर भी 07 दिसंबर 1996 को 11.74 करोड़ शिशुओं और 18 जनवरी 1997 को 12.73 करोड़ शिशुओं को पोलियो का टीका (Polio Vaccine) दिया गया था. वह भारत का विश्व रिकॉर्ड था. उस दौर में वैक्सीन के प्रति लोगों में हिचकिचाहट व भ्रांतियां थीं, लेकिन जनता दल नीत संयुक्त मोर्चा की समाजवादी सरकार ने दृढ़ निश्चय किया था कि पोलियो को जड़ से ख़त्म कर आने वाली नस्लों को इससे मुक्ति दिलायेंगे.
कीमत को लेकर भी उठाया सवाल
राजद सुप्रीमो ने कहा, आज दुःख होता है कि तथाकथित विश्वगुरु सरकार अपने नागरिकों को पैसे लेकर भी टीका उपलब्ध नहीं करा पा रही है. मैं प्रधानमंत्री से आग्रह करता हूं कि इस जानलेवा महामारी में सार्वभौमिक टीकाकरण कार्यक्रम के तहत पूरे देशवासियों को निःशुल्क टीका देने का ऐलान करें. लालू यादव ने यह भी कहा कि राज्य और केंद्र के टीके की क़ीमत अलग-अलग नहीं होना चाहिए.

