Life Insurance Policy New Rules: जीवन बीमा पॉलिसी के लिए अब टैक्स के नियम बदल गए हैं। लाइफ इंश्योरेंस पॉलिसी के लिए बदले नए टैक्स के नियम 1 अप्रैल 2023 से लागू हो गए हैं। यानी लाइफ इंश्योरेंस पॉलिसी पर बदले टैक्स नियम 31 मार्च 2023 तक की पॉलिसी पर लागू नहीं होंगे। यूलिपधारक भी इस नए नियम के दायरे में नहीं आएंगे।
लाइफ इंश्योरेंस (जीवन बीमा) पॉलिसी में दी जाने वाले प्रीमियम और मैच्योरिटी की धनराशि पर टैक्स नियमों में किए गए बदलाव को लेकर लोगों के बीच काफी गलतफहमी हो रही है। बजट 2023 में लागू किए नए नियमों से लोगों के बीच ये गलतफहमी और बढ गई है। बजट 2023 में लागू किए गए नए नियम 1 अप्रैल 2023 से लागू हो गए हैं।
ITR फाइल का काम तेजी पर
वित्त वर्ष 2023-24 के लिए आईटीआर (ITR) फाइल करने का काम तेजी पर है। लाइफ इंश्योरेंस पॉलिसी से संबंधित नए टैक्स नियमों के मुताबिक ही इस बार आईटीआर भी फाइल की जाएगी।
क्या लाइफ इंश्योरेंस पॉलिसी के नए नियम
बजट 2023 में इनकम टैक्स एक्ट, 1961, के सेक्शन 10 (10D) के अंतगर्त छठे और सातवें प्रावधान (Proviso) को जोडा गया है। यह 1 अप्रैल 2023 से लागू हो गया है। इसके अनुसार लाइफ इंश्योरेंस पॉलिसी के लिए चुकाए प्रीमियम की राशि पॉलिसी अवधि के दौरान किसी एक वित्त साल में 5 लाख रुपए से अधिक है तो बीमाधारक को उस पॉलिसी पर मिलने वाली मैच्योरिटी की धनराशि पर टैक्स देना होगा। यानी मैच्योरिटी की राशि पर टैक्स में छूट नहीं मिलेगी।
term deposit पर tax rules को लेकर दुविधा
अगर एक से अधिक लाइफ इंश्योरेंस पॉलिसी के लिए प्रीमियम का भुगतान करते हैं। सभी लाइफ इंश्योरेंस पॉलिसी की प्रीमियम रकम सालाना 5 लाख रुपए से अधिक है तो पॉलिसी की Maturity धनराशि पर टैक्स देना होगा। 31 मार्च 2023 तक अगर लाइफ इंश्योरेंस पॉलिसी ले ली है वो पॉलिसी होल्डर इस नए नियम के दायरे में नहीं आएंगे। यूलिपधारक को भी इस नए नियम के दायरे में नहीं लिया गया है। बीमाधारक की पॉलिसी अवधि के दौरान मौत हो जाती है तो नॉमिनी को मिलने वाली धनराशि टैक्स के दायरे में नहीं आएगी।
