बीजिंग। चीन की कम्युनिस्ट पार्टी की 20वीं राष्ट्रीय कांग्रेस की बैठक आज शुरू हो गई है। इस बैठक में पार्टी शीर्ष नेतृत्व में परिवर्तन को लेकर मंथन करेगी। बताया जा रहा है कि बैठक के एक दिन बाद यानी 23 अक्तूबर को बड़ी लीडरशिप में बदलाव होने की संभावना है। बैठक में जिनपिंग ने अपना संबोधन दिया। उन्होंने कहा कि चीन की अर्थव्यवस्था में वो और सुधार लाएंगे। गरीबी के खिलाफ उनकी लड़ाई जारी रहेगी। उन्होंने कहा कि वो चीन के लिए अच्छी रणनीति बनाते रहेंगे।
हांगकांग पर बात करते हुए जिनपिंग ने कहा कि चीन ने हांगकांग पर व्यापक नियंत्रण हासिल कर लिया। वहाँ फैले अराजकता को शासन में बदल दिया गया है। इसके अलावा उन्होंने ताइवान पर बात की। उन्होंने कहा कि चीन ने ताइवान में अलगाववाद के खिलाफ एक बड़ा संघर्ष किया है जो क्षेत्रीय अखंडता का विरोध करने के लिए सक्षम है।
हालांकि, सवाल उठता है कि राष्ट्रपति जिनपिंग का क्या होगा? तो यह एकदम सुनिश्चित हो चुका है कि अब जिनपिंग अपने पद पर ही बने रहेंगे। उनके ऊपर इस बैठक का कोई असर नहीं होने वाला। बता दें कि चीन में पहले यह नियम था कि कोई राष्ट्रपति दो कार्यकाल ही पूरे करता है। लेकिन संविधान संशोधन के बाद यह भी तय किया गया था कि जिनपिंग आजीवन राष्ट्रपति और महासचिव बने रह सकते हैं।
सात सदस्यीय पोलित ब्यूरो स्थायी समिति के शीर्ष नेताओं की जिम्मेदारी भी बदली जाएगी।
वर्तमान सात सदस्यीय पोलित ब्यूरो स्थायी समिति जो सर्वोच्च निर्णय लेती है उनके सदस्यों की जिम्मेदारी बदली जा सकती है। एक दशक से चीन की अर्थव्यवस्था का प्रबंधन कर रहे चीन प्रधानमंत्री ली केकियांग को हटाया जा सकता है। हालांकि 66 वर्षीय ली ने माना कि प्रधानमंत्री के रूप में यह उनका अंतिम वर्ष है। 20वीं पार्टी बैठक आज रविवार 10 बजे बीजिंग में ग्रेट हॉल ऑफ द पीपल में शुरू हुई। यह 16 अक्तूबर से 22 अक्तूबर तक चलेगी।
राष्ट्रपति के नाम की घोषणा से पहले कम्युनिस्ट पार्टी जिनपिंग की कैबिनेट में बड़ा फेरबदल करने की तैयारी में है। बैठक में शी जिनपिंग को छोड़ दूसरे नंबर के नेता प्रधानमंत्री ली केकियांग को बदला दिया जाएगा। वांग यी के स्थान पर अब चीन में नए विदेश मंत्री की नियुक्ति होगी। बैठक से पहले बीजिंग में कड़ी सुरक्षा व्यवस्था को और बढ़ा दिया गया है, जिसमें कहा है कि शहर के कुछ इलाकों को लगभग बंद कर दिया है और कई ओवरपास पर पुलिस बल तैनात की गई है।

