कोरोना संक्रमण के देश में बढ़ते मामलों ने शेयर बाजार के निवेशकों को डराना शुरू कर दिया है और कल के कारोबारी सत्र के आखरी आधे घंटे में आयी तेज़ गिरावट का दौर आज भी जारी है। हालाँकि भारतीय शेयर बाजार हरे निशान में खुले लेकिन उन्हें लाल निशान में जाने में समय नहीं लगा और कारोबार के पहले डेढ़ घंटे में सेंसेक्स जहाँ 500 से ज़्यादा अंक लुढ़क गया वहीँ नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का इंडेक्स निफ़्टी भी डेढ़ सौ पॉइंट नीचे चला गया. खबर लिखे जाने तक सेंसेक्स 563 अंकों की गिरावट के साथ 71708 पर कारोबार कर रहा था वहीँ निफ़्टी में 149 की गिरावट के साथ 21591 पर ट्रेड चल रहा था.
बाजार के जानकारों का कहना है कि तकनीकी रूप से बाजार ऊपर जाने से पहले कंसोलीडेट हो रहा है। निफ्टी अगर 21,850 से आगे निकलता है तो फिर इसमें 22,000 का स्तर देखने को मिल सकता है। वहीं अगर ये 21,650 अंक से नीचे जाता है तो फिर इसमें अगला सपोर्ट 21,500 अंक पर मिलता है. आईटी, ऑटो, बैंक, कैपिटल गुड्स सेक्टर में बिकवाली देखने को मिल रही है। वहीं फार्मा, रियल्टी और मेटल इंडेक्स में खरीदारी देखने को मिला। अभी तक के कारोबार में Bharti Airtel और Nestle India, Coal India, Tata Motors, Tata Consumer निफ्टी का टॉप गेनर दिख रहे हैं। वहीं Axis Bank,Infosys Kotak Mahindra Bank, Eicher Motors, UltraTech Cement निफ्टी के टॉप लूजर में हैं।
बाजार को सबसे ज़्यादा सहारा फार्मा सेक्टर से मिल रहा है, हमेशा की तरह गिरते बाजार में निवेशक FMCG और फार्मा कंपनियों की तरफ रुख करते हैं. आज भी कुछ वैसा ही देखा जा रहा है. बाजार की इस गिरावट को चीन में मैन्युफैक्चरिंग PMI के आंकड़ों के अनुमानों का कमजोर होना भी बताया जा रहा है। दिसंबर में NBS मैन्युफैक्चरिंग PMI गिरकर 49 पर रही है जबकि बाजार को मैन्युफैक्चरिंग PMI 49.5 रहने की उम्मीद थी।

