सिरफिरे आशिक आफताब ज़रीवाला के साथ लिव इन रिलेशन में रहने वाली श्रद्धा वालकर हत्याकांड ने पूरे भारत में तहलका मचा रखा है. आफताब ने जिस तरह श्रद्धा की हत्या करके उसके शरीर के 35 टुकड़े कर 18 दिनों तक ठिकाने लगाया है वह अपने आप में घिनावनेपन की मिसाल है. अब इसी तरह के हत्याकांड की खबर पडोसी बांग्लादेश से आयी है जहाँ पर एक हिन्दू लड़की के साथ भी श्रद्धा जैसा ही सबकुछ हुआ है. यहाँ पर भी उस लड़की के टुकड़े कर उसके आशिक ने उन्हें नाली में बहाया, सिर को धड़ से अलगकर पॉलिथीन में लपेटा, शरीर के टुकड़ों को बक्से में समेटकर रखा.
लिव इन पार्टनर के साथ मिलकर की हत्या
जानकारी के मुताबिक कविता रानी की अबू बकर नाम के एक शख्स से मुलाकात प्यार में बदल गयी और इसके बाद यह हत्याकांड हुआ. इस कहानी में भी एक लिव पार्टनर शामिल है लेकिन यह मृतक कविता नहीं बल्कि सपना है जो अबूबकर के साथ पिछले चार सालों से रह रही थी. कविता से अबूबकर की मुलाकात चंद दिन पहले ही हुई थी. लेकिन ऐसा क्या हुआ कि अबूबकर को कविता की हत्या करनी पड़ी. अभी यह गुत्थी सुलझी नहीं है क्योंकि अबूबकर और उसकी लिव इन पार्टनर सपना दोनों फरार हैं।
सिर को धड़ से काटा, शरीर के किये कई टुकड़े
पुलिस की कहानी के मुताबिक अबू बकर जहाँ पर काम करता था वहां पर जब कई दिनों तक नहीं गया तो वह उसे ढूंढते हुए वह उसके घर पहुंचा लेकिन घर पर ताला लटका हुआ मिला। उसने पुलिस की इत्तेला दी कि अबू बकर कई दिन से संदिग्ध परिस्थितियों में लापता है. पुलिस ने जब अबूबकर के घर की तलाशी ली तो वहां पर एक डेड बॉडी मिली और उसका कटा हुआ सिर फ्रिज में रखा हुआ मिला। वह कटा हुआ सिर और शरीर कविता रानी का था. पुलिस के मुताबिक अबूबकर और कविता को एक दिन सपना ने उसके घर में रंगे हाथों पकड़ लिया। कविता और सपना में खूब लड़ाई हुई, इस दौरान अबूबकर ने कविता की हत्या कर दी और उसका सिर धड़ से काटकर अलग कर दिया, उसके शरीर के कुछ अंगों को भी काटकर नाली में बहा दिया और बाकी हिस्सों को एक बक्से में बंद करके रख दिया । इसके बाद अबूबकर और सपना दोनों घर बंद करके फरार हो गए. पुलिस को उनकी तलाश है.

