गुजरात चुनाव की तारीखों का एलान आज संभवतः निर्वाचन आयोग की होने वाली प्रेस कांफ्रेंस में हो जायेगा मगर उससे पहले गुजरात में सत्तारूढ़ भाजपा और उसे चैलेन्ज दे रही आम आदमी पार्टी आमने सामने हैं. AAP की गुजरात इकाई के अध्यक्ष गोपाल इटालिया के एक वीडियो को लेकर पिछले दो दिनों से घमासान मचा हुआ है, आप नेता के इस वीडियो को लेकर आज केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी ने जमकर हमला बोला वहीँ अब आम आदमी पार्टी के नेता और दिल्ली सरकार में मंत्री गोपाल राय ने पलटवार करते हुए कहा कि गुजरात में चुनाव इटालिया के कथित वीडियो पर नहीं बल्कि भाजपा के 27 साल के कुशासन पर हो रहा है.
दरअसल इटालिया के कथित वायरल वीडियो में प्रधानमंत्री मोदी की माँ को लेकर कुछ अपमानजनक बातें की गयी हैं जिसपर भाजपा ने अपनी नाराज़गी जताई है और आम आदमी पार्टी को सबक सिखाने की बात कही है. गोपाल राय ने स्मृति ईरानी की प्रतिक्रिया पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि भाजपा के पास चूँकि कहने को कुछ नहीं है, उनके 27 साल के शासन में ऐसा कोई काम नहीं जो वो जनता के बीच ले जा सकें, इसलिए इस तरह के पुराने वीडियोज़ की कांट छाँटकर वो अपनी घिसी पिटी रणनीति अपनाना चाहते हैं. गोपाल राय ने कहा कि भाजपा को अगर वीडियो जारी करने का इतना ही शौक है तो उसे गुजरात की जर्जर शिक्षा व्यवस्था पर जारी करना चाहिए, ज़हरीली शराब से मरने वाले पीड़ित परिवारों की जारी करनी चाहिए, सड़कों पर भटकते बेरोज़गार नौजवानो की जारी करना चाहिए.
AAP नेता कहा कि अरविन्द केजरीवाल ने गुजरात के लोगों के सामने भाजपा की असलियत खोल कर रख दी है, भाजपा के चेहरे से झूठ का मुखौटा उतार दिया है इसलिए भाजपा लोगों का ध्यान भटकाने के लिए इस तरह के वीडियो जारी करती है और अपने आपको पीड़ित साबित करने की कोशिश करती है जो उसकी और प्रधानमंत्री मोदी की पुरानी आदत है. पूरे पांच साल गुजरात को भूलने वालों को चुनाव के समय गुजरात की अस्मिता की बात याद आने लगती है. वर्तमान को छोड़ भूतकाल की बातें करने लगते हैं. गोपाल राय ने कहा कि उन्हें पूरा यकीन है कि भाजपा अभी ऐसे और वीडियो ढूंढ रही होगी और उनका आई टी सेल उनकी एडिटिंग कर रहा होगा लेकिन भाजपा के इन हथकंडों से अब सभी वाकिफ हो चुके हैं.

