प्रत्याशियों की घोषणाओं में अभी तक फिसड्डी रही कांग्रेस पार्टी चुनावी वादों में ज़रूर आगे है. आज उसने गुजरात विधानसभा चुनावों के लिए अपना घोषणा पात्र जारी करते हुए प्रदेश के 10 लाख युवाओं को नौकरी देने का वादा किया है. इसके अलावा पुरानी पेंशन बहाली एक और बड़ा वादा है, साथ ही 300 यूनिट मुफ्त बिजली का वादा भी घोषणा पत्र में है. घोषणा पत्र देखने से लगता है कि कांग्रेस पार्टी का फोकस युवाओं पर केंद्रित है. मेनिफेस्टो जारी करते हुए राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गेहलोत ने कहा कि मेनिफेस्टो में जो भी वादे किये गए हैं वो राहुल गाँधी के वादे हैं और वो अपना हर वादा निभाते हैं.
गुजरात विधानसभा चुनाव की बागडोर संभालने वाले अशोक गेहलोत ने घोषणा पत्र को जारी करने के समय बताया कि इसे बनाने में बड़ी मेहनत की गयी है, इस फाइनल टच देने से पहले 6 लाख लोगों से उनकी राय जानी गयी है. गेहलोत ने कहा सत्ता में आने कांग्रेस पार्टी 10 लाख युवाओं को नौकरियां देगी जिनमें से 50 प्रतिशत नौकरियां महिलाओं के लिए आरक्षित होंगी. इसके अलावा प्रदेश के हर व्यक्ति को 10 लाख तक का मुफ्त इलाज, निशुल्क दवाइयां सरकार उपलब्ध कराएगी। सरकारी नौकरियों में कॉन्ट्रैक्ट-आउटसोर्सिंग व्यवस्था खत्म की जाएगी, जिन युवाओं को रोज़गार नहीं मिलेगा उन्हें 3000 रुपये प्रतिमाह बेरोजगारी भत्ता दिया जायेगा।
घोषणा पत्र में 4 लाख रूपये का कोविड मुआवज़ा देने की भी बात कही गयी है. वहीँ एलपीजी सिलेंडर की कीमत सिर्फ 500 रूपये की जाएगी। शिक्षा के क्षेत्र को भी मेनिफेस्टो में महत्त्व दिया गया है, 3000 सरकारी अंग्रेजी मेडियम स्कूल खोलने का वादा किया गया है जिसमें केजी से पीजी तक की लड़कियों को निःशुल्क शिक्षा दी जाएगी। दूध उत्पादकों को 5 रुपये प्रति लीटर की सब्सिडी, मनरेगा योजना जैसी शहरी रोजगार गारंटी योजना लाने का वादा। पिछले 27 वषों में होने वाले भ्रष्टाचार की जांच के लिए भ्रष्टाचार विरोधी कानून लाने का वादा भी किया गया है. इसके अलावा भी और भी बहुत से वादे कांग्रेस पार्टी के मेनिफेस्टो में हैं.

