- शासन की ओर से जल्द जारी होगी गाइडलाइन
- स्टेट कोविड कंट्रोल स्पेशल कमेटी तैयार कर रही नए नियम
मेरठ। रेमडेसिवीर इंजेक्शन घर में लेना अब आसान नहीं होगा। शासन जल्द ही इस पर रोक लगाने की तैयारी कर रही है। इसके तहत रेमडेसिवीर इंजेक्शन घर में लेने की मनाही होगी। सिर्फ अस्पताल में डॉक्टर्स की इजाज़त से ही इसे दिया जा सकेगा। कोरोना संक्रमण की दूसरी लहर बेकाबू हो रही हैं। ऐसे में स्टेट कोविड कंट्रोल स्पेशल कमेटी इसके ट्रीटमेंट के लिए नए नियम तैयार कर रही है। यूपी सरकार के अप्रूवल के बाद इसे पूरी तरह लागू कर दिया जाएगा।
बदलेंगे होम आइसोलेशन के नियम
कमेटी के अध्यक्ष डॉ आरके धीमान ने मुताबिक होम आइसोलेशन में एडमिट होने वाले मरीजों के लिए भी नियमों में बदलाव किया जा रहा है। कोरोना प्रीवेंशन को लेकर कई बातों को ध्यान में रखकर नियम तैयार किये जा रहे हैं। इसकी रिपोर्ट तैयार कर जल्द ही शासन को भेजने की तैयारी है। गाइडलाइन अप्रूव होने के बाद इसे लागू कर दिया जाएगा।
संदिग्ध होने पर दवा की सलाह
कमेटी की ओर से बनाई जा रही नई गाइडलाइन के तहत कोरोना के संदिग्ध लक्षण या बुखार होने पर मरीज़ को होम आइसोलेशन की दवा के सेवन की सलाह भी दी जा सकती है। देखा जा रहा है कि जांच के इंतज़ार में मरीज को कई कई दिन तक इलाज़ मुहैया नहीं हो पाता। वहीं गाइड लाइन्स में स्टेरॉयड थेरेपी व प्रोन वेंटिलेशन आदि के बारे में भी नियम जोड़े जा सकते हैं। होम आइसोलेशन में एडमिट मरीजों के कमरे के तापमान का भी इसमें जिक्र होगा । ऑक्सीजन सेचुरेशन मरीज़ के कमरे का 94 प्रतिशत से ज्यादा होना चाहिए। वेंटिलेशन के लिए भी नियम जोड़े जा रहे हैं। घर पर एडमिट मरीज़ के 10 दिन पूरे होने और तीन दिन तक बुखार न आने की स्थिति में मरीज को होम आइसोलेशन से डिस्चार्ज किया जा सकता है।

