नई दिल्ली। भारत की अर्थव्यवस्था का आकार बढ़ने के साथ आयात-निर्यात में बढ़ोतरी हो रही है। सरकार की तरफ से जारी आंकड़ों के अनुसार, सितंबर में भारत का व्यापारिक वस्तुओं का निर्यात पिछले साल की समान अवधि के मुकाबले 4.82 फीसदी बढ़कर 35.45 बिलियन डॉलर हो गया। इसके साथ समान अवधि में कुल आयात 8.66 फीसद बढ़कर 61.61 बिलियन डॉलर पर पहुंच गया है।
आंकड़ों में बताया कि इस साल सितंबर में भारत का व्यापारिक घाटा 25.71 बिलियन डॉलर पर पहुंच गया है। जो सितंबर 2021 में 22.47 बिलियन डॉलर था। भारत के आयात-निर्यात में ऐसे समय वृद्धि हो रही है, जब दुनिया में मंदी की आशंका बनी है और यह भारतीय अर्थव्यवस्था की मजबूती को भी दिखाता है। भारत का कुल निर्यात (वस्तुओं और सेवाओं) इस वित्त वर्ष की पहली छमाही (अप्रैल- सितंबर 2022) में 382.31 बिलियन डॉलर पहुंचने का अनुमान है । यह पिछले साल के समान अवधि के मुकाबले 21.03 फीसदी अधिक है।
ये कुल आयात इस वित्त वर्ष की पहली छमाही में पिछले साल की समान अवधि के मुकाबले 37.77 फीसदी बढ़कर 469.47 बिलियन डॉलर पहुंच सकता है। सरकारी की ओर से जारी आकड़ों में बताया है कि अप्रैल- सितंबर 2022 के बीच व्यापारिक घाटा पिछले साल की समान अवधि के मुकाबले 94.69 फीसद से बढ़कर 148.46 बिलियन डॉलर पहुंचने का अनुमान है, जो कि अप्रैल-सितंबर 2021 के बीच 76.25 बिलियन डॉलर था।
दुनिया में मंदी की आहट के बीच भारतीय अर्थव्यवस्था की रफ्तार तेज बनी है। सरकार के द्वारा जारी जीडीपी के डाटा के मुताबिक, इस वित्त वर्ष की पहली तिमाही में भारतीय अर्थव्यवस्था में 13.50 फीसद की वृद्धि दर्ज की गई। आरबीआइ के ताजा अनुमान के मुताबिक, चालू वित्त वर्ष में भारत की जीडीपी 7.00 फीसद की दर से बढ़ सकती है।

