विधान परिषद् में आज अपने बजट भाषण के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने समाजवादी पार्टी पर आरोप लगाते हुए कहा कि गालियां देना उनकी संस्कृति है. यह लोग राम को कोसते हैं लेकिन राम को कोसने वालों को लोगों ने कहाँ पहुंचा दिया है यह सब देख रहे है. उन्होंने कहा कि सपा के संस्कार अपनी विरासत को कोसने वाले हैं, यह लोग आज भगवान् राम और संत तुलसीदास के खिलाफ भद्दी टिप्पणियां कर रहे हैं, यह वो लोग हैं जो कहते थे कि अयोध्या में परिंदा पर भी नहीं मार सकता।
रामचरित मानस का ज़िक्र
मुख्यमंत्री दरअसल रामचरित मानस को लेकर प्रदेश में चल रहे घटनाक्रम पर सदन में प्रतिक्रिया दे रहे थे. यह लोग उनपर टिप्पणियां कर रहे हैं जिनकी विरासत पर पूरी दुनिया आकर्षित होती है। मुख्यमंत्री ने कहा समस्या चाहे कितनी ही बड़ी क्यों न हो लेकिन जब ईश्वर की कृपा हो तो कोई कुछ भी नहीं बिगाड़ सकता। उन्होंने कहा कि संत तुलसीदास ने मध्य काल में भारत का मार्गदर्शन करने वाले रामचरित मानस ग्रन्थ की रचना की। उस काल में सम्राट अकबर के दरबार में संत तुलसीदास ने कहा था कि श्रीराम के अलावा वो किसी को राजा नहीं मानते।
राम को कोसने वालों को जनता ने सिखाया सबक
उन्होंने कहा कि जिन लोगों ने राम को कोसा था उत्तर प्रदेश की जनता ने उन्हें कहां पहुंचा दिया, सब देख रहे हैं। यही लोग थे जो कहते थे कि अयोध्या में परिंदा पर नहीं मार सकता, आज वहां भगवान राम का भव्य मंदिर बन रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा 2024 में जब भगवान राम इस भव्य मंदिर में विराजमान होंगे तब पूरा विश्व भारत की सांस्कृतिक विरासत पर गर्व की अनुभूति करेगा। लेकिन यह लोग अपनी विरासत को तब कोसते हुए दिखेंगे।

