अफगानिस्तान में इन दिनों तालिबान का राज है, जहाँ वह अपने मन मुताबिक देश को चला रहा है। वहीं तालिबान की ओर से रोजाना नये नये फरमान जारी होते रहते हैं, इसी क्रम में तालिबान ने महिलाओं और लड़कियों के लिये हिजाब (बुर्का) को लेकर एक नया फरमान जारी किया है, जिसका विरोध चारों तरफ देखने को मिल रहा है।
इसको लेकर G-7 देशों ने कड़ा विरोध जताया है और एक बयान जारी किया है, जिसमें कहा गया है कि तालिबान का यह आदेश महिलाओं की आजादी, समान अधिकारों व उनकी भागीदारी सीमित करने वाला है, तालिबान का यह आदेश पूर्णता निंदनीय है। जहाँ अफगानी महिलाओं को बुर्का न पहनने पर पाबंदियां और उनके परिजनों को सजा का प्रावधान है।
वहीं पिछले दिनों तालिबान कमांडर अखुंदजादा ने सार्वजनिक कार्यक्रम में कहा था कि महिलाओं को बुर्का पहनना देश में अनिवार्य है, और यह बुर्का सिर से पैर तक होना चाहिये। वहीं इन्होंने इसे परम्परात और सम्मानजनक बताया था। वहीं G-7 देशों ने इस मामले पर साझा बयान में आगे कहा है कि हम तालिबान इस प्रतिबंध हटाने की माँग करते हैं, इसके साथ ही रोजगार, शिक्षा, सार्वजनिक जीवन में महिलाओं की भागीदारी पर भी तालिबान को ध्यान देना चाहिये।

