भारतीय विदेशों में देश का मान बढ़ाने में कोई भी कसर नहीं छोड़ते. यह बात एक बार फिर साबित हुई है.उत्तर प्रदेश के मेरठ में जन्मे अमेरिकी डॉक्टर अंकित भरत ने ऐसा काम किया जिससे मेडिकल की दुनिया में इतिहास रच दिया है. डॉ अंकित अमेरिका के एक अस्पताल में सर्जनों की एक टीम का नेतृत्व कर रहे थे. उन्होंने कोरोना के एक मरीज पर फेफड़ों के डबल लंग ट्रांसप्लांट में सफलता हासिल की है.बताया जा रहा है कि डॉक्टरों को ऐसा करने में पहली बार सफलता मिली है.
युवती की बचा दी जान
डॉ. भरत ने जिस मरीज पर इस ट्रीटमेंट को अजमाया है वह 20 साल की एक युवती है. कोरोना वायरस की वजह से उसके फेफड़े बेकार हो गए थे.बेटे की कामयाबी से मेरठ में रह रहे उनके पिता खुशी से फूले नहीं समा रहे है. डॉक्टर अंकित भरत के पिता का कहना है कि आज बेटे ने उनका सीना गर्व से चौड़ा कर दिया है. मेरठ के रहने वाले और वर्तमान में अमेरिका में प्रैक्टिस कर रहे डॉक्टर अंकित भरत की अगुवाई में कोविड पॉजिटिव 20 वर्षीय युवती के दोनों फेफड़ों को ट्रांसप्लांट करने में सफलता हासिल हुई है.
40 साल के अंकित भरत शिकागो के नॉर्थवेस्टर्न मेमोरियल अस्पताल में थोरैसिक सर्जरी के प्रमुख और फेफड़ों के प्रत्यारोपण कार्यक्रम के सर्जिकल निदेशक हैं. मेरठ से पढ़ें लिखे डॉक्टर अंकित की इस कामयाबी पर उनके परिजनों की खुशी का ठिकाना नहीं है.

