- सीबीआई ने आठ इंजीनियर के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करायी थी
लखनऊ। यूपी के पूर्व सीएम अखिलेश यादव के शासनकाल पर लखनऊ पर गोमती नदी के किनारे पर बने गोमती रिवर फ्रंट घोटाले में सीबीआई ने चाबुक चलाते हुए शुक्रवार को सिंचाई विभाग के तत्कालीन चीफ इंजीनियर रूप सिंह यादव को अरेस्ट किया। रूप सिंह यादव के साथ वरिष्ठ सहायक को भी सीबीआई ने गिरफ्तार किया है। अब इस घोटाले के अन्य आरोपितों की भी गिरफ्तारी की तैयारी पर सीबीआई टीम ने जांच में तेजी में शुरू कर दी है। दो बड़े आईएएस अफसर भी घेरे में हैं। अबतक सीबीआई ने रिवर फंड घोटाले में आठ इंजीनियर के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। रिवर फ्रंट को समाजवादी पार्टी का ड्रीम प्रोजेक्ट बताया गया था। कुछ सौ करोड़ का यह प्रोजेक्ट कई हजार करोड़ खर्च होने के बाद भी पूरा नहीं हो सका। यूपी में भाजपा की सरकार आने के बाद इसकी प्रारंभिक जांच के बाद केस सीबीआइ के हवाले कर दिया गया था। सीबीआई लखनऊ की एंटी करप्शन ब्रांच ने प्रदेश सरकार के निर्देश पर सिंचाई विभाग की ओर से लखनऊ के गोमतीनगर थाने में दर्ज कराए गए मुकदमे को आधार बनाकर 30 नवंबर 2017 में नया मुकदमा दर्ज किया था। सीबीआई अब इस आरोप की जांच कर रही है कि प्रोजेक्ट के तहत निर्धारित कार्य पूर्ण कराए बगैर ही स्वीकृत बजट की 95 प्रतिशत धनराशि कैसे खर्च हो गई? कहां किसने हेराफेरी की है।

