पटना। बिहार की राजधानी पटना स्थित फुलवारी शरीफ में पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया (पीएफआई) के आफिस पर पुलिस ने आज गुरुवार को छापेमारी के बाद बड़े खुलासे किए हैं। इस दौरान पटना एसएसपी मानवजीत सिंह ढिल्लों ऐसा बयान दिया जिससे वो भाजपा और आरएसएस के निशाने पर आ गए है। एसएसपी पटना अपने बयाय से अब विवादों में है। पटना एसएसपी मानवजीत सिंह ढिल्लों ने अपने बयान में कहा कि पीएफआई के ट्रेनिंग मॉड्यूल का तरीका बिल्कुल आरएसएस की शाखा तरह का है। अब इस पर भाजपा ने एसएसपी ढिल्लों को चेतावनी दी है कि वे बयान पर माफी मांगें या फिर पद से इस्तीफा दे दें।
पटना एसएसपी ने पीएफआई आफिस पर छापे को लेकर मीडिया से हुई बातचीत में कहा कि इसका जो मोडस था कि ये लोग आरएसएस शाखा की तरह ही अपनी शाखा ऑर्गेनाइज करते हैं, और लाठी की ट्रेनिंग देते हैं। उसी तरह से ये शारीरिक शिक्षा के नाम पर प्रशिक्षण दे रहे थे। उसी के साथ अपना एजेंडा और प्रोपेगेंडा फैलाने के उद्देश्य से युवकों का ब्रेनवाश करते हैं। पटना एसएसपी के इस बयान पर भाजपा ने निशाना साधा है। भाजपा पिछड़ा वर्ग के राष्ट्रीय महामंत्री और प्रदेश भाजपा प्रवक्ता निखिल आनंद ने इस पर टिप्पणी की है। उन्होंने कहा कि आईएएस और आईपीएस अधिकारियों को राजनीति और वैचारिक प्रभाव से ऊपर माना जाता है। पटना के एसएसपी का पीएफआई की आरएसएस से तुलना वाला बयान शर्मनाक है। इसकी निंदा होनी चाहिए। अधिकारियों के पास पूर्वाग्रह और पूर्वकल्पित धारणा नहीं होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि पटना एसएसपी माफी मांगे और राजनीति करना है तो इस्तीफा दें।

