एशिया कप और विश्व कप में नाकामी के बाद पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड के चीफ ज़का अशरफ ने कप्तान और कोच बदल डाले, टीम में भारी तब्दीली हुई लेकिन नतीजे पहले से भी खराब। पाकिस्तान को अपने क्रिकेट इतिहास में लगातार सात मैचों में कभी शिकस्त नहीं मिली। पाकिस्तानी टीम की इस बदहाली का ज़िम्मेदार ज़का अशरफ को माना जा रहा था क्योंकि उनके मनमाने फैसलों से पाकिस्तान टीम के अंदर खिलाड़ी आपस में भिड़ने लगे, कई खिलाड़ी अंडर परफॉर्म करने लगे, इनमें से कुछ वो खिलाड़ी थे जिन्हें कप्तान बनाये जाने का ख्वाब दिखाया गया. ज़का अशरफ की एक ऑडियो भी वायरल हुई जिसमें वो बाबर आज़म को सबक सिखाने की बात कहते हुए सुनाई दे रहे थे, अब उन्हीं ज़का अशरफ की पीसीबी से छुट्टी हो गयी है. कहा तो ये जा रहा है कि उन्होंने पीसीबी चीफ का ओहदा छोड़ दिया है लेकिन सच्चाई ये है कि उन्हें जाने को कहा गया है.
हाल के दिनों में पीसीबी में ये चौथी बड़ी विदाई है. दो दिन पहले विदेशी कोच मिकी आर्थर, ग्रांट ब्राडबर्न और एंड्रयू पुटिक ने पाकिस्तान टीम से नाता तोड़ लिया था. सरकार ने ज़का अशरफ पर कुछ दिन पहले ही नकेल कस दी थी उन्हें अंतर-प्रांतीय समन्वय समिति की बैठक रद्द करने और कोई भी बड़ा वित्तीय निर्णय लेने से रोक दिया था। अशरफ ने शुक्रवार को लाहौर में 10 सदस्यीय प्रबंधन समिति की एक आपात बैठक बुलाई और अपने पद छोड़ने का एलान कर दिया। क्रिकेट बोर्ड ने उनके इस्तीफे पर उन्हें धन्यवाद् देते हुए इस खबर पर मुहर भी लगा दी है.
ज़का अशरफ ने जुलाई में प्रबंधन समिति के अध्यक्ष के रूप में नजम सेठी की जगह ली थी। सरकार ने ज़का अशरफ को बोर्ड ऑफ गवर्नर्स बनाने और पीसीबी अध्यक्ष का चुनाव आयोजित करने के लिए 4 फरवरी तक का समय दिया था लेकिन वह नाकाम रहे। ज़का अशरफ के कार्यकाल के दौरान पाकिस्तान की पुरुष टीम का प्रदर्शन सबसे निराशाजनक रहा। टीम भारत में हुए विश्व कप में ग्रुप चरण से बाहर हो गई। श्रीलंका में एशिया कप में सुपर फोर से आगे नहीं बढ़ पाई। ऑस्ट्रेलिया ने 3-0 से टेस्ट सीरीज़ में हराया। न्यूज़ीलैण्ड में खेली जा रही ट्वेंटी-20 श्रंखला में 4-0 से पीछे चल रहे हैं।

