देहरादून। मतगणना से पूर्व उत्तराखंड (Uttarakhand Election) की राजनैतिक गलियारों में इस समय पूरी गहमागहमी है। भाजपा के अलावा कांग्रेस और अन्य दल पूरी तरह से एक्टिव नजर आ रहे हैं। इन दलों के नेताओं ने भी अपनी सक्रियता बढ़ा दी है। ऐसे ही भाजपा के एक दिग्गज नेता और उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री रहे रमेश पोखरियाल निशंक भी खासे एक्टिव नजर आ रहे हैं। निशंक उत्तराखंड की सियासत में एक ऊंचा मुकाम रखते हैं। निशंक की गिनती भाजपा के अग्रिम पॉत वाले नेताओं में होती है। रमेश पोखरियाल निशंक जिस तरह से उत्तराखंड की राजनीति में एक बार फिर से सक्रिय हुए हैं उससे भाजपा और कांग्रेस के नेता भी खासे परेशान नजर आ रहे हैं।
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उत्तराखंड की सियासत में रमेश पोखरियाल निशंक को भी राजनीति का चाणक्य माना जाता है। जिस तरह से निशंक मतगणना से पूर्व सक्रिय हुए है उससे लगता है कि वे किसी खास मिशन में लगे हुए हैं और उसको पूरा करने की तैयारी में हैं। पार्टी सूत्रों की माने तो भाजपा आलाकमान ने उन्हें कोई गुप्त मिशन पहाड़ के लिए सौंपा है। जिसे उन्हें इन दिनों में पूरा करना है। बता दें कि इससे पूर्व रमेश पोखरियाल निशंक ने गत दिनों दिल्ली में भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा (J.P Nadda) से मुलाकात की थी। उसके बाद देहरादून लौटकर राज्यपाल से मुलाकात की थी। अब पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव कैलाश विजयवर्गीय भी भाजपा की बैठक से पूर्व पोखरियाल के आवास पर पहुंचे जहां पर काफी देर तक गुप्त मंत्रणा हुई। आने वाले दिनों में उत्तराखंड की राजनीति में रमेश पोखरियाल निशंक के सक्रिय होने से काफी हद तक दिग्गजों की दिलचस्पी बढ़ी है।

