मेरठ। उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2022 (Uttar Pradesh Assembly Election 2022) के मतगणना को लेकर सुरक्षा व्यवस्था भी काफी चाक-चौबंद की गई है। मतगणना के बाद विजयी प्रत्याशियों के जुलूस पर प्रतिबंध लगाया गया है। लेकिन अगर कोई विजयी प्रत्याशी ऐसा करता है तो उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इसी के साथ मतगणना स्थल पर किसी भी प्रकार का लाइसेंसी असलाह लाने पर भी रोक लगाई गई है। वहीं जीतने के बाद हर्ष फायरिंग पर भी रोक रहेगी। अगर कोई ऐसा करता है तो उसके खिलाफ जनलेवा हमला करने का मुकदमा दर्ज किया जाएगा। इसी के साथ ही लाइसेंस भी निलंबित किया जा सकता है।
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मेरठ में आगामी दस मार्च यानी गुरुवार को दो स्थानों पर मतगणना का काम किया जाएगा। जिसमें एक जगह हापुड़ रोड स्थित लोहिया नगर सब्जी मंडी समिति और दूसरी जगह कृषि विवि मोदीपुरम है। इन दोनों स्थानों पर जिले के सात विधानसभा क्षेत्रों में हुए मतदान के मतों की मतगणना होगी।
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दोनों मतगणना स्थल (Polling place) को सुरक्षा की दृष्टि से पांच जोन और 12 सेक्टर में बांटकर सुरक्षा व्यवस्था को कड़ा किया गया है। सभी 12 सेक्टर की जिम्मेदारी एक सीओ के पास रहेगी। वहीं जोन की जिम्मेदारी एक प्रशासनिक अधिकारी और एएसपी के हाथ में होगी। मतगणना स्थल पर पैरा मिलिट्री फोर्स की कंपनिया और पीएसी की तीन कंपनी तैनात की जाएगी। कोई प्रत्याशी विजय जुलूस निकालेगा तो उसके साथ ही उसके समर्थकों पर भी मुकदमा दर्ज होगा। वहीं हर्ष फायरिंग करने पर लाइसेंस निलंबित या निरस्त की कार्रवाई की जाएगी। मतगणना स्थल के पांच मीटर दायरे में एजेंट और ड्यूटी करने वाले कर्मचारियों को प्रवेश मिलेगा। उनके लिए पार्किंग की व्यवस्था की गई है। जीते हुए प्रत्याशियों को पुलिस सुरक्षा में उनके घर पहुंचाया जाएगा। शहर और देहात के सभी संवेदनशील इलाकों में पुलिस बल तैनात रहेगा।

