महाराष्ट्र विधानसभा में फ्लोर टेस्ट के दौरान आज एक बार फिर ED- ED के नारे लगे. बहुमत साबित करने के बाद दो बार महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री और आज के उपमुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने ED के नारों का जवाब देते हुए कहा कि हाँ यह ED की सरकार है, उन्होंने कहा कि E से एकनाथ शिंदे और D से देवेंद्र है. इस दौरान फडणवीस ने मुख्यमंत्री शिंदे की शान में कसीदे पढ़े और उन्हें एक सच्चा शिवसैनिक बताया।
उपमुख्यमंत्री फडणवीस ने कहा कि शिंदे साहब 24/7 काम करने वाले नेता हैं, वह कब सोते हैं यह किसी को नहीं पता. उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री पर बालासाहेब ठाकरे और आनंद दिघे के विचारों का प्रभाव है, उनके लिए पद अहमियत नहीं रखता है. वो पद के पीछे भागने वालों में से नहीं हैं बल्कि उनके पीछे पद भागता है. शिंदे साहब ने मुख्यमंत्री बनने का सफर एक साधारण कार्यकर्ता के रूप में शुरू हुआ था, कड़ी मेहनत और जनता की सेवा के परिणामों का यह फल है कि आज वो महाराष्ट्र के मुख्या मंत्री हैं
पूर्व मुख्यमंत्री और आज के डिप्टी सीएम फडणवीस ने कहा कि मैंने पहले ही कहा था कि मैं लौटूंगा, वापसी करूंगा। और देखिये मैं एकनाथ शिंदे को अपने साथ लेकर लौटा हूँ. फड़नवीश शिंदे को चन्द्रगुप्त और खुद को चाणक्य बताते हुए कहा कि सत्ता जब-जब निरंकुश होती है, चाणक्य को चंद्रगुप्त तलाश करना ही पड़ता है. पीछे एक सदस्य ईडी-ईडी चिल्ला रहे थे. सही कह रहे थे. फडणवीस ने कहा कि शिंदे खुद कम बोलते हैं लेकिन उनका काम बहुत बोलता है. कम बोलते हैं, उनका काम बोलता है. MVA सरकार को घेरते हुए फडणवीस ने कहा कि महाराष्ट्र में हनुमान चालीसा पढ़ना मुश्किल कर दिया गया, पढ़ने वालों के घर तोड़े गए, लोगों को जेल में रखा गया.इस मौके पर फडणवीस राज ठाकरे की तारीफ करना भी नहीं भूले।
