Zeiss: चश्मा का लेंस बनाने वाली विश्व विख्यात कंपनी जीस भारत में 25 हजार करोड़ रुपए का निवेश करेगी। इससे करीब 5000 भारतीय बेरोजगार युवकों को रोजगार मिलेगा। जीस की भारतीय इकाई की तरफ से कहा गया है कि जीस का ये संयंत्र शुरुआत में करीब 800 लोगों को रोजगार देगा। जीस का संयंत्र जब पूरी क्षमता तक पहुंच जाएगा तो कंपनी में कर्मचारियों की संख्या भी बढ़कर 5,000 तक हो जाएगी। कंपनी ने कहा कि यह जीस का सबसे बड़ा चश्मा लेंस निर्माण कारखाना होगा। दुनिया में शायद इससे बड़ा कारखाना नहीं होगा।
ऑप्टिकल लेंस (चश्मों के लेंस) कंपनी समूह जीस भारत के कर्नाटक में नए संयंत्र पर करीब 2,500 करोड़ रुपए का निवेश करेगा। समूह इकाई कार्ल जीस इंडिया को उम्मीद है कि नए संयंत्र के पूरी तरह चालू होने पर लगभग 5,000 भारतीय लोगों को रोजगार मिलेगा। भारत में परिचालन के 25 साल पूरे कर चुकी कंपनी ने 2027 तक 5000 करोड़ रुपए का व्यापार लाभ हासिल करने का लक्ष्य रखा है।
उन्होंने कहा कि भारतीय बाजार में बड़ी चीजें आ रही हैं। उनमें से एक ये नई फैक्ट्री है जिसे मंजूरी दी है। यह इन्वेस्ट इन कर्नाटक के साथ साझेदारी में है। कार्ल जेइस इंडिया के निदेशक और सीएफओ श्रेयस कुमार ने कहा कि हमने (बेंगलुरु) हवाई अड्डे के पास 34 एकड़ जमीन ली है। इसके अलावा नौ एकड़ जमीन और मिलने की उम्मीद है।
जीस का सबसे बड़ा चश्मा लेंस निर्माण कारखाना
उन्होंने कहा संयंत्र के शुरुआत में करीब 800 बेरोजगारों को रोजगार दिया जाएगा। जब कारखाना पूरी क्षमता तक पहुंच जाएगा तो कर्मचारियों की संख्या 5,000 तक हो जाएगी। कुमार ने कहा कि यह जीस का सबसे बड़ा चश्मा लेंस निर्माण कारखाना होगा। शायद दुनिया के सबसे बड़े कारखानों में से एक होगा। उन्होंने कहा कि संयंत्र निर्माण कार्य इसी महीने के मध्य तक शुरू होने की उम्मीद है। हम अक्टूबर 2024 तक काम शुरू कर सकते हैं।

