आज हम आपको अलग-अलग तरह के नमक और उनके फायदों के बारे में बताने जा रहे है ।
इस आमतौर पर सेंधा नमक कहा जाता है। इस नमक का इस्तेमाल व्रत के दिनों में किया जाता है।
इसे सी-सॉल्ट भी कहा जाता है। समुद्री नमक का उपयोग दालों को भिगोने के लिए किया जाता है। इसका इस्तेमाल नहाने में भी किया जाता है।
सौवर्चला यानी काले नमक का इस्तेमाल शर्बत में होता है या चटनी। इसके अलावा कुल्ला करने में भी किया जाता है।
इन दोनों नमक का उपयोग चिकित्सीय उद्देश्य के लिए किया जाता है।
नमक भोजन के पाचन, आत्मसात और उत्सर्जन में मदद करता है। इसलिए जब किसी को कब्ज़ होता है, तो उसे और नमक खाने की इच्छा होती है।
कम नमक खाने की वजह से आपको ज़्यादा मीठा खाने का दिल करता है।
रोज़ाना की अपनी डाइट में चार तरह के नमक को ज़रूर शामिल करें। जिसमें काला नमक, आम नमक, सी-सॉल्ट और रॉक सॉल्ट शामिल हों।
ध्यान रखें कि पैकेज्ड खाना न खाएं, क्योंकि इसे खाने से आप अनजाने में ज़रूरत से ज़्यादा नमक का सेवन कर लेते हैं।