SBI ने MCLR में किया इजाफा, ग्राहकों पर बढ़ा EMI का बोझ!

स्टेट बैंक ऑफ इंडिया ने MCLR को बढ़ा दिया है। इसके बाद एक साल का एमसीएलआर बढ़कर 8.55 प्रतिशत हो गया।

दो साल का एमसीएलआर 8.65 प्रतिशत और तीन साल का एमसीएलआर भी 8.75 बढ गया है।

एमसीएलआर का असर ब्याज दरों पर पड़ता है। SBI ने MCLR को 5 आधार अंक बढ़ाया है।

ये बढ़ोत्तरी सभी अवधि के एमसीएलआर में की है।

एसबीआई के इस कदम से लोन लेने वालों की ईएमआई में बढ़ोतरी होगी।

100 आधार अंक का मतलब एक प्रतिशत होता है।

एमसीएलआर को मर्जिनल कॉस्ट ऑफ फंड्स बेस्ड लेंडिंग रेट्स कहा जाता है।

ये वो दर होती है, जिसकी सहायता से कोई बैंक ग्राहकों को लिए होम लोन, पर्सनल लोन और कार लोन के साथ अन्य प्रकार के लोन ब्याज दर निर्धारित करते हैं।