केएमसी पर ऑक्सीजन की कम सप्लाई देकर मरीजों की मौत का कारण बनने का है आरोप
मेरठ। केएमसी प्रकरण में आज पीड़ित परिवारों ने चौधरी चरण सिंह पार्क पर प्रदर्शन करते हुए अस्पताल पर कार्रवाई करने की मांग की है। लगभग 70 परिवारों का कहना है कि केएमसी अस्पताल प्रबंधक सुनील गुप्ता ने चंद पैसों के लालच में उनके घरों के चिराग बुझा दिये।
गौरतलब है कि केएमसी हाॅस्पिटल के ऑक्सीजन प्लांट में इंचार्ज पद पर कार्य करने वाले देवेन्द्र ने आरोप लगाया था कि अस्पताल में भर्ती कोविड मरीजों को ऑक्सीजन की कम मात्रा में सप्लाई दी गयी जिससे प्रतिदिन 25-30 मरीजों की मौत हो गयी। इस खुलासे के बाद जहां समाजिक संगठन केएमसी के खिलाफ खडे़ हो गये वहीं केएमसी में भर्ती कराये गये परिजन को खोने वाले परिवार भी अस्पताल के विरोध में प्रदर्शन कर रहे हैं। आज कमिश्नरी पहुंचे पीड़ित परिवारों का कहना है कि अब तक 27 लोग एफआईआर दर्ज करा चुके हैं और बाकी भी पुलिस में शिकायत करने जा रहे हैं। बताया कि डीएम ने इस प्रकरण की जांच एडीएम प्रशासन और एसीएमओ को सौंप दी है। पीड़ितों को संदेह है कि कहीं डा.सुनील गुप्ता कोई साठ-गांठ कर इस मामले में क्लीन चिट हासिल न कर लें।
देवेन्द्र का आरोप, पत्रकार भी दे रहा है धमकी
वहीं इस मामले का खुलासा करने वाले देवेन्द्र का आरोप है कि उसे केएमसी के खिलाफ आवाज उठाने पर धमकी दी जा रही है। देवेन्द्र ने पत्रकारों को एक मोबाइल नंबर बताते हुए कहा कि उसे फोन करने वाले व्यक्ति ने खुद को एक हिंदी दैनिक का संवाददाता बताया और इस मामले से दूर रहने को कहा है। वहीं खुद को केएमसी का कर्मचारी बताने वाला व्यक्ति भी उसको धमकी दे रहा है।