विधानसभा में बजट सत्र में आज समाजवादी पार्टी की तरफ से मोर्चा पार्टी महासचिव शिवपाल यादव ने संभाला. इस दौरान शिवपाल सिंह ने भाजपा सरकार पर हमलावर होते हुए योगी सरकार पर आरोप लगाया कि सरकार विकास के लिए पैसा नहीं खर्च कर रही है, इसके साथ ही उन्होंने सदन में अस्पतालों की बदहाली का मुद्दा उठाया. बता दें कि सपा प्रमुख आज नोएडा के दौरे पर हैं इसलिए सदन में आज पार्टी की अगुवाई का ज़िम्मा चाचा शिवपाल के सिपुर्द था. इस दौरान स्वास्थ्य सेवानों का मुद्दा उठाने पर शिवपाल और बृजेश पाठक के बीच ज़ोरदार नोकझोंक भी हुई.
स्वास्थ्य सेवाएं वेंटिलेटर पर
शिवपाल यादव ने सदन में स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर सरकार को घेरते हुए कहा कि प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाएं वेंटिलेटर पर हैं. स्वास्थ्य विभाग की सारी सेवाएं सिर्फ विज्ञापनों में चमक रही है, अस्पतालों में अवैध वसूली हो रही है. उन्होंने उपमुख्यमंत्री ब्रेजेश पाठक पर भी निशाना साधते हुए कहा कि स्वास्थ्य मंत्री छापे तो बहुत मारते हैं लेकिन उन छापों का असर अधिकारियों पर नहीं पड़ता। ऐसा लगता है कि वो सिर्फ दिखावी छापे मारती है.
भड़क उठे बृजेश पाठक
शिवपाल यादव के इन आरोपों पर ब्रजेश पाठक भी भड़क उठे और इस दौरान उनकी और शिवपाल यादव के बीच जमकर नोकझोंक हुई, आखिर में स्पीकर सतीश महाना को हस्तक्षेप करना पड़ा और दोनों नेताओं को शांत कराया गया. ब्रजेश पाठक ने समाजवादी पार्टी विधायकों को ढोंगी समाजवादी बता दिया जिसके सपा विधायकों ने सदन में जमकर हंगामा किया, इस दौरान वेल में आकर डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक के खिलाफ सपा विधायकों ने जमकर नारेबाजी भी की. यह नारेबाजी काफी देर तक चलती रही, काफी देर तक समझ में नहीं आ रहा था कि कौन क्या कर रहा है. इस बजट सत्र में सपा के तेवर काफी तीखे नज़र आ रहे हैं.

