UP News Live Updates: लालू की पार्टी के साथ आयेंगे मंडल मसीहा, भाजपा के खिलाफ मजबूत विपक्ष तैयार करने की कवायद

उत्तर प्रदेशUP News Live Updates: लालू की पार्टी के साथ आयेंगे मंडल...

Date:


UP News  Live Updates: लालू की पार्टी के साथ आयेंगे मंडल मसीहा, भाजपा के खिलाफ मजबूत विपक्ष तैयार करने की कवायद

लखनऊ। मंडल मसीहा के नाम से मशहूर शरद यादव अपनी पार्टी लोकतांत्रिक जनता दल (लोजद) का विलय लालू प्रसाद यादव (Lalu Prasad Yadav) की पार्टी राष्ट्रीय जनता दल (राजद) में करेंगे। होली के बाद 20 तारीख को इसका औपचारिक ऐलान किया जाएगा। वर्तमान की परिस्थितियों को देखते हुए शरद यादव ने जनता परिवार को एकसाथ लाने के लिए महत्वपूर्ण कदम बताया है। गौरतलब है कि मंडल कमीशन की सिफारिशों को लागू कराने की लंबी लड़ाई शरद यादव ने लड़ी है। यही कारण है कि उन्हें मंडल मसीहा भी कहा जाता है। शरद यादव प्रखर वक्ता के साथ राज्यसभा के सांसद रहे हैं और कई महत्वपूर्ण पदों पर आसिन भी रहे हैं।

Read also: लालू प्रसाद के लिए तेज प्रताप ने शुरू की न्याय यात्रा

नीतीश से रार के बाद बनाई थी पार्टी

एक दौर में शरद यादव बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की पार्टी जनता दल (यूनाइटेड) के सर्वेसर्वा हुआ करते थे।लेकिन, 2018 में जब नीतीश कुमार (Nitish Kumar) ने भाजपा यानी एनडीए के साथ जाने का निर्णय लिया तो शरद यादव ने साफ इनकार कर दिया। जिसके बाद नीतीश कुमार ने खुद को पार्टी का अध्यक्ष घोषित कर दिया और शरद यादव को बाहर कर दिया। तमाम राजनीतिक उठापठक के बाद आखिरकार शरद यादव ने अपनी पार्टी बना ली। लेकिन, अपनी पार्टी बनाने के बाद शरद यादव इसे ठीक से चला नहीं पाये। इस बीच स्वास्थ्य की समस्याएं भी लगातार उनको घेरे रहीं।

मजबूत विपक्ष के लिए साथ आना जरूरी

शरद यादव ने लोजद का राजद में विलय कराने के अपने निर्णय को लेकर कहा कि जेडीयू से अलग होने के बाद यह पार्टी बनाई थी। लेकिन, वर्तमान परिस्थितियों में भाजपा की सरकार पूरी तरह फेल है। जनता अब एक मजबूत विपक्ष की ओर देख रही है। ऐसे में हमारी कोशिश है कि जनता परिवार के सभी साथियों को एकसाथ लाया जाए। ताकि, एक मजबूत विपक्ष के स्वरूप को साकार किया जा सके।

Read also: बिहार के सीएम नीतीश कुमार ने भारत में महंगी चिकित्सा शिक्षा पर चिंता व्यक्त की

कमरा खाली कराने के आदेश के बीच राज्यसभा भेज सकती है राजद

शरद यादव की तबियत इन दिनों लगातार खराब है। उनका दिल्ली में सरकारी बंगला 7 तुगलक रोड पर है। 2017 में शरद यादव (Sharad Yadav) को राज्यसभा सांसद के तौर अयोग्य बता दिया गया था। ऐसे में देखा जाए तो उनकी सदस्यता को गये करीब पांच साल का वक्त होने जा रहा है। इस बीच कोर्ट ने कहा है कि शरद यादव को अपना बंगला खाली करना होगा। जिसके बाद शरद यादव ने मीडिया के सामने निराशा जाहिर की थी। ऐसे में इस बीच सूत्रों का दावा है कि राजद शरद यादव को राज्यसभा भेज सकती है।

Share post:

Subscribe

Popular

More like this
Related