नई दिल्ली। स्वचालित हथियारों से लैस आतंकियों ने अफगानिस्तान की राजधानी काबुल में गुरुद्वारे पर हमला बोल दिया। जिसमें 20 लोगों के मारे जाने की आशंका है। हालांकि अभी मरने वालों की संख्या का पूरी तरह से सही अनुमान नहीं लगा सका है। लेकिन जिस तरह से आतंकियों ने गुरुद्वारे के भीतर घुसकर गोलियां बरसाई हैं। उससे हताहत होने वालों की तादात और अधिक भी हो सकती है। इस समय गुरुद्वारे के भीतर 15 लोग फंसे हुए हैं। सूत्रों के अनुसार गुरुद्वारा अध्यक्ष गुरनाम सिंह ने यह जानकारी दी। अध्यक्ष गुरनाम सिंह ने बताया कि जिस समय आतंकियों ने हमला किया उस दौरान गुरुद्वारे में अरदास का कार्यक्रम चल रहा था। अचानक से गुरुद्वारे पर हमला बोला दिया। हमलावर चारों ओर ताबड़तोड़ फायरिंग कर रहे थे।
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गोलियों से बचने के लिए लोगों ने गुरुद्वारे के भीतर भागकर जान बचाई। उन्होंने बताया कि कम से कम 25 लोग अभी गुरुद्वारा के भीतर फंसे हुए हैं। गुरुद्वारा के मुस्लिम गार्ड की इस गोलीबारी में सबसे पहले मौत हुई। सूत्रों के अनुसार परिसर के भीतर दो विस्फोट भी हुए वहीं गुरुद्वारा पास दुकानों में आग लगा दी गई है। दो हमलावर गुरुद्वारा परिसर के भीतर हैं। ये तालिबानी बताए जा रहे हैं। इसको जिंदा पकड़ने की कोशिश की जा रही है। काबुल गुरुद्वारे पर हमला करने वाले तालिबानी आतंकियों और तालिबान सेना के बीच लड़ाई जारी है। गुरुद्वारा पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गया है। वहीं चार सिख लापता हैं उनका कुछ पता नहीं है। बता दें कि इससे पहले भी अफगानिस्तान में गुरुद्वारों पर हमले हो चुके हैं। पिछले साल अक्तूबर में,तालिबानी सत्ता के कुछ महीने बाद अज्ञात हमलावरों ने गुरुद्वारा करते परवन पर ताबड़तोड़ गोलियां बरसाई थी। अफगान सिख उसके बाद से भारत से बचाव की अपील कर रहे हैं।
