ट्रेन टेक्नोलाॅजीज दे रहा महामारी के दौरान अतिरिक्त सुरक्षा

 
ट्रेन टेक्नोलाॅजीज दे रहा महामारी के दौरान अतिरिक्त सुरक्षा ट्रेन टेक्नोलाॅजीज दे रहा महामारी के दौरान अतिरिक्त सुरक्षा

ब्रांड ट्रेन ने भारत में एयर-क्लीनिंग साॅल्यूशंस की नई श्रृंखला के लाॅन्च की घोषणा की
इमारतों को भीतर से रोगाणुओं, कण, गैस तथा वायरस आदि से करेगा सुरक्षित

न्यूज डेस्क। कोरेाना महामारी के बीच भारत में सभी क्षेत्रों में कामकाज धीरे-धीरे शुरू हो रहा है। ऐसे में लोगों को अपने आफिस, माल, रेस्टोरेंट सहित पसंदीदा स्थान पर अतिरिक्त सुरक्षा प्रदान करना बेहद आवश्यक है। इमारतों के भीतर लोगों को रोगाणुओं तथा दूसरे दूषित पदार्थों जैसे कण, विभिन्न प्रकार की गैस तथा वायरस आदि से बचाने के लिये ट्रेन टेक्नोलाॅजीज के एक ब्रांड, ट्रेन ने भारत में एयर-क्लीनिंग साॅल्यूशंस की नई श्रृंखला के लाॅन्च की घोषणा की है।

कंपनी का दावा है कि यह साॅल्यूशन महामारी के दौरान लोगों को अतिरिक्त सुरक्षा और सहूलियत प्रदान करेगा। यह साॅल्यूशन भारत के स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा निवारक उपायों के संदर्भ में जारी दिशा-निर्देशों तथा घर के भीतर वायु की गुणवत्ता पर ASHRAE के सुझावों के अनुरूप बनाया गया है।

विश्वस्तर पर क्लाइमेट इनोवेटर के रूप में प्रसिद्ध, तथा HVAC (हीटिंग, वेंटिलेशन और एयर-कंडीशनिंग) में अग्रणी, ट्रेन टेक्नोलाॅजीज के एक ब्रांड, ट्रेन एयर-क्लीनिंग साॅल्यूशंस में अत्याधुनिक टेक्नोलाॅजी का इस्तेमाल किया गया है।

यह साॅल्यूशन इमारत के भीतरी परिवेश में मौजूद रोगाणुओं तथा दूसरे दूषित पदार्थों जैसे कण, विभिन्न प्रकार की गैस तथा वायरस आदि से बचाव करने में सक्षम है। इसको बनाने में उसमें PCO+UVGI (फोटो कैटेलिटिक ऑक्सीडेशन + अल्ट्रावॉयलेट जर्मीसाइडल इरैडिऐशन), हाई वोल्टेज इलेक्ट्रोस्टैटिक फिल्ट्रेशन और ट्रेन कैटलिटिक एयर क्लीनिंग सिस्टम (TCACS) शामिल हैं।

इस इनोवेटिव साॅल्यूशन की मदद से लोगों को अपने ऑफिस जाने के साथ-साथ माॅल और रेस्टोरेंट्स जैसे लोकप्रिय हैंगआउट स्थानों पर फिर से समय बिताने में मदद मिलेगी। क्योंकि ये साॅल्यूशन महामारी के दौरान लोगों को अतिरिक्त सुरक्षा और सहूलियत प्रदान करते हैं। एक भरोसेमंद सहयोगी के रूप में, ट्रेनों एयर-क्लीनिंग साॅल्यूशंस इमारत के भीतरी परिवेश की गुणवत्ता को बेहतर बनाने में मदद कर रहा है, जो भारत के स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा निवारक उपायों के संदर्भ में जारी दिशा-निर्देशों तथा घर के भीतर वायु की गुणवत्ता ASHRAE के सुझावों के अनुरूप है।

भारत और सार्क देशों में ट्रेन टेक्नोलाॅजीज HVAC ट्रांसपोर्ट के प्रमुख, किशोर पाटिल के अनुसार, “अमेरिका में स्थित एक बहुराष्ट्रीय कंपनी के तौर पर, इमारत के भीतरी परिवेश की गुणवत्ता एवं स्थिरता के संदर्भ में उद्योग जगत को नए सिरे से परिभाषित करने वाले इनोवेशन के क्षेत्र में ट्रेन का एक लंबा इतिहास रहा है, जिसकी शुरुआत वर्ष 1913 से हुई है। हमने इस महामारी के दौरान, और इसके बाद भी समुदायों तथा सभी व्यवसायों के लिए भीतरी परिवेश को ज्यादा सुरक्षित, स्वस्थ औरअधिक कारगर बनाने का संकल्प लिया है। देश ने लोगों की सेहत और स्वास्थ्य को ध्यान मेंरखते हुए आर्थिक गतिविधियों को दोबारा शुरू करने की दिशा में कदम बढ़ाए हैं, और हमें पूरा यकीन है कि हमारे नए साॅल्यूशंस इस उद्देश्य में बेहद मददगार साबित होंगे।

किशोर पाटिल ने आगे कहा, “ट्रेन के माध्यम से हमने व्यवसायों को ज्यादा स्वस्थ और अधिक कुशल परिवेश उपलब्ध कराने में काफी प्रगति की है। हमने अभी जिन सॉल्यूशंस को लॉन्च किया है, वे न केवल विभिन्न प्रकार के बैक्टीरिया और कई तरह के वायरस को फैलने से रोक सकते हैं, बल्कि जहरीली एवं हानिकारक गैसों तथा बदबू को असरदार तरीके से कम करके और हवा में मौजूद छोटे धूलकणों को फ़िल्टर करके वायु की गुणवत्ता को बेहतर बना सकते हैं।”

ट्रेन के लैब-टेस्टेड सॉल्यूशंस के साथ इमारत के भीतरी परिवेश को सेहतमंद बनाएँ

ट्रेन के इनोवेटिव एयर क्लीनिंग सिस्टम की इस नई श्रृंखला में हाई वोल्टेज इलेक्ट्रोस्टैटिक फिल्टर टेक्नोलॉजी के साथ-साथ PCO +UVGI, दोनों का उपयोग किया जाता है। फिल्टर टेक्नोलॉजी और PCO +UVGI सम्मिलित रूप से हर तरह की इमारतों में हवा में मौजूद रोगाणुओं तथा छोटे कणों को दूर करने में मदद करते हैं।

फोटो-कैटेलिटिक ऑक्सीडेशन (PCO) टेक्नोलॉजी में अल्ट्रावॉयलेट रेडिएशन का इस्तेमाल होता है, जिसमें विभिन्न जैविक प्रदूषकों का ऑक्सीकरण करने और उन्हें तोड़ने के लिए बेहद शक्तिशाली एजेंट तैयार किया जाता है। इस प्रक्रिया में, इस तरह के हानिकारक वाष्पशील कार्बनिक यौगिक (VOCs) को कार्बन डाइऑक्साइड और पानी जैसे सरल रसायनों में बदल दिया जाता है।

इसमें अल्ट्रावॉयलेट जर्मीसाइडल इरैडिऐशन (UVGI) के इस्तेमाल के दो उद्देश्य हैं। PCO प्रक्रिया के दौरान कैटलिटिक रिएक्शन के लिए ऊर्जा के स्रोत के तौर पर काम करना इसका प्राथमिक कार्य है, साथ ही यह “सी” बैंड (UVC) में अल्ट्रावॉयलेट लाइट का उपयोग करके सूक्ष्मजीवों और कीटाणुओं को नष्ट कर देता है, जिससे आमतौर पर इमारतों में पाए जाने वाले कवक, बैक्टीरिया और वायरस सहित विभिन्न प्रकार के सूक्ष्म जीव निष्क्रिय हो जाते हैं।

ये समाधान नई इमारतों के साथ-साथ रेट्रोफिट्स के लिए भी उपयुक्त हैं, जैसे कि बिजनेस सेंटर, स्वास्थ्य केंद्र, कार्यालय, शैक्षणिक संस्थान और कल-कारखाने। इन सॉल्यूशंस को कई तरीकों से इंस्टॉल किया जा सकता है, जैसे प्लग-इन माउंटिंग, इंटरनल एवं एक्सटर्नल फुल क्रॉस-सेक्शन, इत्यादि।

परीक्षण के नतीजों से पता चलता है कि, PCO + UVGI सॉल्यूशंस घर के भीतरी परिवेश को बेहतर बनाने में बेहद कारगर हैं, जो H1N1 वायरस और बेहद सूक्ष्म प्रदूषकों (जैसे स्टैफिलोकोकस एल्बस बैक्टीरिया) को हटाने में 99% से अधिक प्रभावी हैं। पृथक तौर पर देखा जाए तो, हाई वोल्टेज इलेक्ट्रोस्टैटिक फ़िल्टर में PM2.5 कणों को 99.9% तक निकालने की क्षमता है, जो “सांसों के जरिए शरीर के भीतर जा सकते हैं।”

इसके अलावा, ट्रेन के सॉल्यूशंस में कम वायु प्रतिरोध होता है साथ ही एयर कंडीशनिंग सिस्टम का ऊर्जा की खपत पर लगभग कोई अतिरिक्त प्रभाव नहीं पड़ता है, जिससे वे स्थायी विकल्प बन जाते हैं।

इमारत के भीतर वायु की गुणवत्ता को बेहतर बनाने के लिए ट्रेन एक भरोसेमंद साथी है

आजकल, खासकर वैश्विक महामारी के इस दौर में लोग भीतरी परिवेश की गुणवत्ता (IEQ) पर ज्यादा ध्यान देने लगे हैं, और ऐसे में ट्रेन के सॉल्यूशंस ने लोगों को अपनी ओर आकृष्ट किया है जो इस उद्योग जगत में अग्रणी हैं। आज तक, एशिया- पैसिफिक क्षेत्र में 3,000 से अधिक ग्राहकों ने इस संदर्भ में ट्रॉन से जानकारी प्राप्त की है, तथा विभिन्न उद्योगों में 230 से अधिक ग्राहकों के ऑर्डर मिले हैं।

भारत में, आईटी सेवाओं और रियल एस्टेट क्षेत्र की कुछ अग्रणी कंपनियों ने ट्रेन एयर क्लीनिंग सिस्टम पर अपना भरोसा दिखाया है, तथा उन्होंने अपने कर्मचारियों, ग्राहकों और उपभोक्ताओं के लिए हमारे सॉल्यूशंस को इंस्टॉल किया है।