Site icon Buziness Bytes Hindi

राहुल-प्रियंका के साथ मगर पंजाब के लोगों के लिए खड़ा हूं: सिद्धू


राहुल-प्रियंका के साथ मगर पंजाब के लोगों के लिए खड़ा हूं: सिद्धू

चंडीगढ़। पंजाब की जनता के हित में अनेक मुद्दों को लेकर अपनी पार्टी और पार्टी नेतृत्व को सवालों के घेरे में लेने वाले पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष नवजोत सिंह सिद्धू ने प्रियंका और राहुल के प्रति अपनी निष्ठा जाहिर करते हुए कहा कि यह दोनों खानदानी लोग हैं इसलिए मैं उनके साथ ही रहूंगा। लेकिन उन्होंने यह भी स्पष्ट कर दिया कि वह राहुल और प्रियंका गांधी के साथ पंजाब की जनता के लिए खड़े हैं, सत्ता हासिल करने के लिए नहीं।

Read also: सिद्धू की बयानबाजी से परेशान कांग्रेस प्रवक्ता ने दिया इस्तीफा

आज चंडीगढ़ के सेक्टर 37 में लोगों से वार्ता करते हुए सिद्धू ने अपने बयानों से एक बार कांग्रेस पार्टी को परेशानी में डाल दिया है। जब लोगों ने सिद्धू से सवाल किया कि यदि पंजाब में फिर से कांग्रेस की सरकार बनी और उन्हें मुख्यमंत्री नहीं बनाया गया तो वह क्या स्टैंड लेंगे। इस पर सिद्धू ने कहा की कांग्रेस की सरकार बनने के बाद भी अगर शराब 1000 रुपये में बिकी और रेत माफियाओं का राज बना रहा तो इसकी जिम्मेदारी नवजोत सिंह सिद्धू नहीं लेगा। सिद्धू ने कहा कि चाहे कुछ भी हो जाए लेकिन मैं पंजाब से बाहर नहीं जाऊंगा और हमेशा प्रियंका गांधी और राहुल गांधी के साथ खड़ा रहूंगा। मैं इन दोनों खानदानी लोगों की सब बात मानूंगा, लेकिन पंजाब की जनता का हित मेरे लिए सर्वोपरि है।

वही आप नेता और दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल पर हमला बोलते हुए नवजोत सिंह सिद्धू ने कहा कि यह दिल्ली वाला अब हमें खेती करना सिखाएगा। जिस पंजाब ने पूरे देश को खेती करना सिखाया हो उसको यह लोग सलाह देंगे। उन्होंने कहा कि आज दिल्ली में 19000 शिक्षकों की पोस्ट खाली है लेकिन मुख्यमंत्री उन पर ध्यान देने की बजाय दूसरे प्रदेशों में जाकर सत्ता हासिल करने का प्रयास कर रहे हैं।

Read also: सिद्धू बोले, पाकिस्तान के साथ शुरू करें व्यापार

इससे पहले भी नवजोत सिंह सिद्धू राहुल-प्रियंका गांधी के प्रति अपनी निष्ठा जता चुके हैं। मगर बार-बार वह पंजाब की जनता का हित सर्वोपरि बताकर कांग्रेस नेतृत्व को परेशानी में डालते रहें हैं। उनके बयानों से यह साफ जाहिर होता है कि वह कांग्रेस नेतृत्व के फैसलों से पूरी तरह से सहमत नहीं हैं। पंजाब विधानसभा चुनाव से पहले सिद्धू की नाराजगी पार्टी के लिये चिंता की बात है।

Exit mobile version